दस साल पहले भी यहां एक हादसा हुआ था, जिसमें 18 लोगों की जान गई थी। इस तरह कुल 3 हादसों में अब तक 30 लोग अपनी जान गंवा चुके हैं।
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कोमल नेगी
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Image: Pithoragarh Masurikanda Hokra Road Became Dangerous For Travelers
पिथौरागढ़: उत्तराखंड का सीमांत जिला पिथौरागढ़....यहां की एक सड़क इन दिनों लोगों के लिए काल बनी हुई है। हम मसूरीकांडा-होकरा रोड की बात कर रहे हैं।
Masurikanda Hokra Road Became Dangerous
महज छह दिन के भीतर यहां दो सड़क दुर्घटनाएं हुई हैं, जिसमें 12 लोगों ने अपनी जान गंवा दी। पुराने मामलों को भी जोड़ लें तो दस साल पहले भी यहां एक हादसा हुआ था, जिसमें 18 लोगों की जान गई थी। इस तरह कुल 3 हादसों में अब तक 30 लोग अपनी जान गंवा चुके हैं। छह दिन में 12 मौतों से लोग डरे हुए हैं, लेकिन प्रशासन की नींद नहीं टूट रही। सोमवार को मसूरीकांडा-होकरा रोड पर एक ऑल्टो कार गहरी खाई में गिर गई। हादसे में कपकोट निवासी खुशाल सिंह उम्र 40 वर्ष और यमुना देवी उम्र 30 वर्ष की मौत हो गई। दोनों के शवों को सड़क तक लाने में कई घंटे लगे। आगे पढ़िए
Pithoragarh Masurikanda Hokra Road
इसी रोड पर 22 जून को भी हादसा हुआ था, जिसमें 10 लोगों को जान गंवानी पड़ी थी। इस हादसे के बाद रोड पर वाहनों की आवाजाही रोक दी गई थी, लेकिन लोगों ने सबक नहीं लिया। छह दिन बाद यहां पहले हादसे वाली जगह से महज 50 मीटर दूर फिर से हादसा हो गया, जिसमें महिला समेत दो लोगों की जान चली गई। स्थानीय लोगों ने कहा कि रोड पर वाहनों की आवाजाही को पहले ही रोकने के इंतजाम किए गए होते तो शायद यहां पर हादसा नहीं होता। उधर लगातार हो रहे हादसों को देखते हुए मसूरीकांडा-होकरा रोड पर वाहनों की आवाजाही प्रतिबंधित करने का निर्णय लिया गया है। मंगलवार को डीएम रीना जोशी ने इस संबंध में आदेश जारी किया। उन्होंने कहा कि मानसून काल में इस सड़क पर सफर जोखिमभरा बना हुआ है। यहां मरम्मत का काम किया जाना है। इसे देखते हुए रोड पर वाहनों की आवाजाही प्रतिबंधित की गई है।