साल 2019 में जब ये टनल बनाई जा रही थी, उस समय टनल के ऊपर बसे मैठीयान और मंजुड़ गांव के कई परिवारों के घरों में दरार पड़ी गई थी।
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कोमल नेगी
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ऋषियों का मार्ग: केदार हिमालय के इन ट्रेक्स पर शोर नहीं, सिर्फ मंत्र सुनाई देते हैं
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Image: Cracks in Chamba Tunnel Rishikesh Gangotri Highway
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Cracks in Chamba Tunnel
सड़कें-टनल बनाने के लिए पहाड़ों का सीना छलनी किया जा रहा है, जिससे कई गांवों का अस्तित्व खतरे में है। इस बार एक डराने वाली खबर नई टिहरी के चंबा से आई है। यहां ऋषिकेश गंगोत्री जाने वाली टनल में दरारें आ गई हैं, जिससे लोगों में डर का माहौल है। मामला गंभीर है, इसलिए डीएम ने जांच के आदेश दिए हैं। ये टनल चंबा शहर के नीचे बनी हुई है, जिसके अंदर कई जगहों पर दरारें पड़ गई हैं। चंबा के लोगों का कहना है कि उन्होंने टनल में पड़ी दरारों को लेकर बीआरओ के अधिकारियों से शिकायत की थी, लेकिन किसी ने भी टनल में पड़ी दरारों की सुध नहीं ली। टनल में न सिर्फ दरारें आई हैं, बल्कि इन दरारों से पानी भी टपकने लगा है। टनल के ऊपर बने मकानों में भी दरारें पड़ी हैं।
बरसात के दिनों में टनल से पानी का रिसाव होने लगता है। साल 2019 में जब ये टनल बनाई जा रही थी, उस समय टनल के ऊपर बसे मैठीयान और मंजुड़ गांव के कई परिवारों के घरों में दरार पड़ी गई थी। सुरंग में नमी का दिखना खतरे का संकेत है। ऐसे में भू वैज्ञानिकों से जांच करवाना जरूरी है। लोगों ने ये भी कहा कि हाल ही में चंबा में हुए एक हादसे में पांच लोगों की मलबे में दबकर मौत हुई थी, ये हादसा जहां हुआ वो जगह टनल के पास है। टनल में पड़ी दरार को लेकर लोग कई बार आंदोलन कर चुके हैं, लेकिन बीआरओ अधिकारी ध्यान नहीं दे रहे। चंबा शहरवासियों ने टिहरी डीएम से बीआरओ के खिलाफ कार्रवाई करने के साथ ही इस जगह की भू वैज्ञानिकों से जांच कराने की मांग की है। डीएम ने मामले की जांच के आदेश दिए हैं।