रेलवे ने अपनी जमीन से कब्जा हटाना शुरू कर दिया है, जिससे अतिक्रमणकारियों में हड़कंप मचा है। पढ़िए पूरी खबर
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कोमल नेगी
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No reels. No crowds. Just Kedar Himalaya - This trek doesn’t want to be famous..
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Image: Bulldozer action on illegal houses in Mussoorie Jharipani
देहरादून: धामी सरकार के निर्देश पर अतिक्रमण के खिलाफ बड़े स्तर पर अभियान चल रहा है। नैनीताल, देहरादून और ऋषिकेश में अतिक्रमण के खिलाफ कार्रवाई जारी है।
Bulldozer action on illegal houses in Mussoorie Jharipani
वन विभाग अपनी जमीन से कब्जा हटा रहा है, साथ ही रेलवे की ओर से भी अतिक्रमण हटाया जा रहा है। इसी कड़ी में मसूरी के पास झड़ीपानी में रेलवे की भूमि से भी कब्जा हटाने की कवायद जारी है। यहां अवैध रूप से बने 17 भवनों के मालिकों को रेलवे की टीम ने 30 दिनों में भवन खाली करने का नोटिस दिया है। रेलवे की टीम ने यहां दूसरे दिन भी विभाग की जमीन से अवैध कब्जे हटाए। उत्तर रेलवे मुरादाबाद मंडल प्रशासन की टीम ने ओकग्रोव स्कूल झड़ीपानी स्थित रेलवे की भूमि पर बनाया गया आधा किलोमीटर लंबा पुस्ता जेसीबी से ध्वस्त करवाया। आगे पढ़िए
भूमि कब्जामुक्त करने के बाद रेलवे ने वहां अपने नाम का बोर्ड लगा दिया है। एहतियात के तौर पर मौके पर रेलवे पुलिस बल तैनात किया गया था। रेलवे ने अपनी जमीन पर बनी सड़क पर भी गहरे गड्ढे कर दिए, ताकि यहां से गाड़ियां न गुजर सकें। इस तरह रेलवे ने अपनी जमीन से कब्जा हटाना शुरू कर दिया है, लेकिन मामले को लेकर वन विभाग पर भी सवाल उठ रहे हैं। दरअसल झड़ीपानी में जहां पर पहाड़ काटकर सड़क बनाई गई है, वो जगह आरक्षित वन भूमि है। यहां न तो खनन किया जा सकता है, न ही पेड़ काटे जा सकते हैं। इसके बावजूद यहां सड़क बना दी गई, लेकिन वन विभाग खामोश रहा। अब रेलवे ने यहां से कब्जे हटाने शुरू कर दिए हैं। अधिकारियों ने कहा कि अवैध रूप से बने भवन 30 दिनों में खाली नहीं हुए तो रेलवे प्रशासन जबरन भूमि से कब्जा हटाएगा। कार्रवाई के दौरान जो खर्च आएगा वह कब्जाधारियों से वसूला जाएगा।