पिछले दिनों धरने में प्रदर्शनरत अभ्यर्थियों ने निदेशालय परिसर में अभियान चलाकर 1 क्विंटल कूड़ा भी उठाया था। अभ्यर्थी अपनी नियुक्ति के लिए रोज अनूठे तरीकों के सरकार तक अपनी बात पहुंचाने का प्रयास कर रहे हैं लेकिन कोई उनकी सुध लेने को तैयार नहीं।
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राज्य समीक्षा डेस्क
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Image: UKSSSC selected candidates on strike for 9 days
देहरादून: माध्यमिक शिक्षा निदेशालय ननूरखेड़ा देहरादून में नियुक्तियों की मांग को लेकर पिछले नौ दिनों से UKSSSC द्वारा चयनित 1371 सहायक अध्यापक अनिश्चितकालीन धरना दे रहे हैं। आज जब ये लोग निदेशालय परिसर में पहलगाम आतंकी हमले में शहीद हुए लोगों के प्रति मौन धारण कर रहे थे, उसी समय निदेशालय के अधिकारियों, कर्मचारियों और पुलिस बल ने आकर उन्हें जबरन शांतिपूर्वक और लोकतांत्रिक तरीके से चल रहे धरना प्रदर्शन से उठाने का प्रयास किया। लेकिन, चयनित अभ्यर्थियों ने भारी दबाव के बावजूद धरना समाप्त करने से स्पष्ट रूप से इनकार कर दिया।
UKSSSC selected candidates on strike for 9 days
निदेशक माध्यमिक शिक्षा का कहना था कि महानिदेशक विद्यालयी शिक्षा की ओर से प्रदर्शनरत अभ्यर्थियों पर शांतिपूर्वक चल रहे धरने को समाप्त करने का दबाव डाला गया है जिससे चयनित अभ्यर्थियों में गहरा आक्रोश भरा रहा। अभ्यर्थियों का कहना है कि वह प्रशासन से इजाजत लेकर नियम कानूनों का पालन करते हुए शांतिपूर्वक ढंग से सरकार तक अपनी बात पहुंचाना चाह रहे हैं लेकिन शिक्षा विभाग के आला अधिकारी उनकी नियुक्ति का प्रयास न करके उन्हें प्रताड़ित कर उन्हें जेल डालने की बात कर रहे हैं। पिछले दिनों धरने में प्रदर्शनरत अभ्यर्थियों ने निदेशालय परिसर में अभियान चलाकर 1 क्विंटल कूड़ा भी उठाया था। अभ्यर्थी अपनी नियुक्ति के लिए रोज अनूठे तरीकों के माध्यम से सरकार और विभाग तक अपनी बात पहुंचाने का प्रयास कर रहे हैं लेकिन सरकार है कि उनकी सुध लेने को तैयार नहीं।
परिवार के साथ भूख हड़ताल की चेतावनी
अभ्यर्थियों ने चेतावनी दी है कि यदि सरकार द्वारा शीघ्र ही उनकी नियुक्ति के लिए न्यायालय में स्टे वेकेशन अपील दायर कर महाधिवक्ता एवं सी.एस.सी. के माध्यम से मजबूत पैरवी कराते हुए उन्हें शीघ्र नियुक्ति नहीं दी तो जल्द ही सभी अभ्यर्थी अपने परिवार के साथ भूख हड़ताल और आमरण अनशन करने को बाध्य होंगे। जिसकी जिम्मेदारी स्वयं सरकार और शिक्षा विभाग की होगी। उनका कहा कि आज राज्य के दुर्गम विद्यालयों में शिक्षकों की कमी से बच्चे टी सी कटवा रहे हैं अनेक विद्यालय बंद होने की कगार में हैं। हजारों विद्यालय एकल शिक्षक के भरोसे चल रहे हैं। सभी चयनित अति दुर्गम विद्यालयों में जाकर नौनिहालों का भविष्य बनाना चाहते हैं लेकिन राज्य की सरकार शिक्षकों की नियुक्ति के मामले में उदासीन बनी हुई है।
आज 9वें दिन भी बैठे रहे धरने पर
आज 24 अप्रैल को अनिश्चितकालीन धरने के नवें दिन सुदूर क्षेत्रों से आकर थलीसैंण पौढ़ी से आरती,प्रदीप,शैलेन्द्र,टिहरी से शुचि,आदित्य,नवीन, मस्तराम पंवार चमोली से पूजा,रीना,अनीशा, पिथौरागढ़ से अंजुली,सौम्या,मीना,रमेश,मोहित चम्पावत से ममता,सीमा,अल्पना,उत्तरकाशी से रिंकी,नीरज,नीलम,बागेश्वर से विनीत,ऋद्धि,शोभा,विनीता,रोशनी,पूनम,सहित सभी जिलों के चयनित अभ्यर्थी धरने पर जुटे रहे।