देहरादून: 500 किलो खतरनाक पनीर के साथ मोहम्मद इरशाद गिरफ्तार, ट्रेंचिंग ग्राउंड में लगा ठिकाने

जांच टीम ने सफेद हुंडई इयोन कार की डिग्गी और सीट से बिना किसी फ्रीजर व्यवस्था के लगभग 500 किलो पनीर बरामद किया....
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500 kg paneer disposed: 500 kg dangerous paneer disposed in Dehradun
Image: 500 kg dangerous paneer disposed in Dehradun

देहरादून: खाद्य संरक्षा एवं औषधि प्रशासन (FDA) और पुलिस टीम ने देहरादून में 500 किलो ख़राब पनीर बरामद किया है। ये पनीर खाद्य सुरक्षा मानकों का उल्लंघन करने के साथ ही लोगों के स्वास्थ्य के लिए भी अत्यंत खतरनाक हो सकता था। जांच टीम ने पनीर के सेंपल को जांच के लिए भेजा है।

500 kg dangerous paneer disposed in Dehradun

जानकारी के अनुसार, बीते बुधवार को जिला FDA टीम और चौकी निरंजनपुर मंडी देहरादूनने साथ मिलकर भंडारी बाग क्षेत्र में चेकिंग अभियान चलाया। इस दौरान टीम को सफेद हुंडई इयोन कार में बैठे व्यक्तियों पर संदेह हुआ, जिसके आधार पर FDA और पुलिस की टीम ने कार को रोककर तलाशी की। कार की डिग्गी और सीट से बिना किसी फ्रीजर व्यवस्था के लगभग 500 किलो पनीर बरामद किया गया।

नहीं मिला कोई वैध दस्तावेज

पनीर को बिना पैकेजिंग खराब प्लास्टिक की बोरियों से ढककर ले जाया जा रहा था। जांच टीम द्वारा वाहन में सवार पनीर के स्वामी मोहम्मद इरशाद से पूछताछ की गई। आरोपी मोहम्मद के पास से कोई वैध दस्तावेज, निर्माण स्थल का प्रमाण, विवरण का रजिस्ट्रेशन और ब्रांडिंग से संबंधित कोई जानकारी या दस्तावेज नहीं मिला। टीम द्वारा पनीर के नमूने को परीक्षण के लिए राज्य खाद्य विश्लेषण प्रयोगशाला को भेज दिया गया है। वहीं लगभग 500 किलो पनीर को ट्रेचिंग ग्राउंड कारगी चौक में नष्ट कर दिया गया है।

खतरनाक बिमारियों का कारण

FDA अधिकारियों के अनुसार, पनीर जैसे दुग्ध उत्पादों को उचित तापमान (2°C से 8°C) पर संग्रहित और परिवहन करना बहुत जरूरी है। ऐसा न करने पर ये उत्पाद जल्दी खराब हो सकते हैं। इनमें हानिकारक बैक्टीरिया उत्पन्न हो सकते हैं, जो फूड पॉयजनिंग, डायरिया, टायफॉइड, और हड्डियों की कमजोरी जैसी बीमारियों का कारण बन सकते हैं। पनीर के सेंपल की जांच रिपोर्ट आने के बाद दोषियों के खिलाफ खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 के तहत कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।