Uttarakhand News: अनियंत्रित होकर सड़क पर पलटी सैनिकों से भरी बस, 31 आर्मी जवान थे सवार

बुधवार सुबह बदरीनाथ हाईवे पर आर्मी के जवानों की बस अचानक अनियंत्रित होकर पलट गई....
Advertisement Best Hidden Treks in Kedar Himalaya for True Mountain Lovers

A chance to reconnect with nature and inner peace. Treks in Kedar Himalaya that stay with you for a lifetime.

Example Ads Media
Army Bus Accident: soldiers bus accident in Chamoli
Image: soldiers bus accident in Chamoli

चमोली: उत्तराखंड के जनपद चमोली में आज बुधवार सुबह एक भीषण सड़क हादसा हुआ है। यहां बदरीनाथ हाईवे पर आर्मी के जवानों की बस अचानक अनियंत्रित होकर पलट गई। हालांकि ड्राइवर की सूझबूझ के कारण कोई बड़ी अनहोनी होने से बच गई।

soldiers bus accident in Chamoli

जानकारी के अनुसार, आज बुधवार सुबह सेना के जवानों से भरी बस चमोली जिले के जोशीमठ से ऋषिकेश के रायवाला के लिए निकली थी। जवानों से भरी ये बस सोनल के पास ही पहुंची थी कि उसी दौरान अचानक अनियंत्रित होकर सड़क पर पलट गई। हालांकि बस चालक ने सूझबूझ दिखाते हुए बस को पहाड़ी की तरफ मोड़ दिया। जिस कारण बस खाई में गिरने से बच गई और सड़क पर ही दूसरी साइड पलट गई। बस चालक की सूझबूझ के कारण एक बड़ा हादसा होने से बच गया। इस हादसे के दौरान बस में कुल 31 जवान सवार थे।

9 आर्मी के जवान गंभीर रूप से चोटिल

मौके पर मौजूद स्थानीय लोगों ने तत्काल इस हादसे की सूचना पुलिस को दी। सूचना मिलते ही पुलिस प्रशासन की टीम तुरंत मौके पर पहुंची। जिसके बाद पुलिस प्रशासन की टीम ने स्थानीय लोगों की मदद से सभी जवानों को बस से सुरक्षित बहर निकाला। इस हादसे में 9 आर्मी के जवान गंभीर रूप से चोटिल हुए हैं। जिनको पुलिस टीम द्वारा 108 आपातकालीन सेवा एंबुलेंस के माध्यम से उप जिला चिकित्सालय कर्णप्रयाग भेजा गया है। फिलहाल सभी चोटिल जवानों का उप जिला चिकित्सालय कर्णप्रयाग में उपचार चल रहा है। गनीमत रही की इस हादसे में किसी भी सैनिक की जान को नुकसान नहीं पहुंचा है।

उप जिलाधिकारी पहुंचे अस्पताल, जाना घायलों का हाल-चाल

जिलाधिकारी डाक्टर संदीप तिवारी ने इस घटना की जानकारी देते हुए बताया कि कुछ जवान सामान्य रूप से घायल हैं। पुलिस टीम ने तत्काल घटना स्थल पर पहुँच कर घायल सेना के जवानों को अस्पताल पहुंचाया। उन्होंने बताया कि कर्णप्रयाग के उप जिलाधिकारी भी अस्पताल में घायल सैनिकों का हाल चाल जानने के लिए पहुँच गये हैं।