उत्तराखंड के सभी राजकीय विश्वविद्यालयों के छात्रों के शैक्षणिक प्रमाण पत्र अब DigiLocker पर उपलब्ध होंगे, जिसके लिए 31 मार्च 2026 तक 100% डेटा अपलोड करने के निर्देश दिए गए हैं।
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राज्य समीक्षा डेस्क
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Image: Students Certificates Must Be Uploaded on DigiLocker Before March 31
देहरादून: उत्तराखंड के छात्र-छात्राओं के लिए एक अहम अपडेट सामने आया है। प्रदेश के सभी राजकीय विश्वविद्यालयों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों के शैक्षणिक प्रमाण पत्र अब डिजिटल रूप में DigiLocker के माध्यम से आसानी से उपलब्ध कराए जाएंगे। इसके लिए 31 मार्च, 2026 तक शत-प्रतिशत छात्रों का समस्त शैक्षणिक डेटा अनिवार्य रूप से DigiLocker पर अपलोड किया जाए।
Students’ Certificates Must Be Uploaded on DigiLocker Before 31 March
उच्च शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने सभी विश्वविद्यालयों को निर्देश दिए हैं कि 31 मार्च, 2026 तक शत-प्रतिशत छात्रों का समस्त शैक्षणिक डेटा अनिवार्य रूप से DigiLocker पर अपलोड किया जाए। यह निर्देश गुरुवार को सचिवालय में आयोजित उच्च शिक्षा विभाग की समीक्षा बैठक के दौरान दिए गए। मंत्री ने स्पष्ट किया कि तय समय सीमा के भीतर कार्य पूरा न होने की स्थिति में जिम्मेदारी तय की जा सकती है। उन्होंने कहा कि केवल वर्तमान सत्र ही नहीं, बल्कि पिछले शैक्षणिक सत्रों का लीगेसी डेटा भी DigiLocker पर अपलोड किया जाना जरूरी है। उन्होंने निर्देश दिए कि यह प्रक्रिया समर्थ पोर्टल के माध्यम से पूरी की जाए और इसकी साप्ताहिक प्रगति रिपोर्ट शासन को उपलब्ध कराई जाए, ताकि कार्य की निगरानी लगातार हो सके।
रिक्त पदों पर भर्ती में देरी पर नाराजगी
बैठक में विश्वविद्यालयों में लंबे समय से खाली पड़े शैक्षणिक और शिक्षणेत्तर पदों पर भर्ती में हो रही देरी को लेकर मंत्री ने नाराजगी जताई। उन्होंने सभी विश्वविद्यालयों को निर्देश दिए कि सभी रिक्त पदों के लिए 10 फरवरी, 2026 तक भर्ती विज्ञापन अनिवार्य रूप से जारी किए जाएं, ताकि भर्ती प्रक्रिया समय पर पूरी हो सके और विश्वविद्यालयों में स्टाफ की कमी दूर हो।
सेमेस्टर में कम से कम 90 दिन कक्षाएं अनिवार्य
राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) के अनुरूप पढ़ाई की गुणवत्ता बनाए रखने के लिए मंत्री ने निर्देश दिए कि प्रत्येक सेमेस्टर में कम से कम 90 दिन कक्षाओं का संचालन सुनिश्चित किया जाए। इसके साथ परीक्षाएं समयबद्ध तरीके से आयोजित हों और परिणाम समय पर घोषित किए जाएं। उन्होंने यह भी कहा कि आवश्यकता पड़ने पर परीक्षा पैटर्न में बदलाव कर व्यवस्था को और प्रभावी बनाया जाए।
छात्रों को मिलेगा अनिवार्य औद्योगिक प्रशिक्षण
छात्रों के व्यावहारिक और सर्वांगीण विकास को ध्यान में रखते हुए मंत्री ने सभी राजकीय विश्वविद्यालयों को निर्देश दिए कि वे विभिन्न उद्योगों के साथ MoU करें और छात्रों के लिए अनिवार्य औद्योगिक प्रशिक्षण (Industrial Training) की व्यवस्था लागू करें। इसके साथ ही इसकी मासिक प्रगति रिपोर्ट शासन को देने के भी निर्देश दिए गए हैं। उच्च शिक्षा विभाग की बैठक में खेल और सांस्कृतिक गतिविधियों को नियमित रूप से आयोजित करने पर भी जोर दिया गया। अधिकारियों के अनुसार, इस वर्ष अंतर-विश्वविद्यालय खेलकूद प्रतियोगिता आयोजित की जा रही है, जिसकी जिम्मेदारी पंतनगर कृषि विश्वविद्यालय को सौंपी गई है।
बायोमेट्रिक उपस्थिति और ई-पुस्तकालय योजना पर सख्ती
उच्च शिक्षा मंत्री ने कहा कि विश्वविद्यालयों में शैक्षणिक और शिक्षणेत्तर कर्मचारियों के लिए बायोमेट्रिक उपस्थिति प्रणाली को अनिवार्य रूप से लागू किया गया है। इसके अलावा सभी शिक्षण संस्थानों को स्वामी विवेकानंद ई-पुस्तकालय योजना से जोड़ने के निर्देश भी दिए गए, ताकि छात्रों को डिजिटल संसाधनों तक बेहतर पहुंच मिल सके। समीक्षा बैठक में सचिव उच्च शिक्षा, निदेशक उच्च शिक्षा सहित विश्वविद्यालयों के कुलसचिव, वित्त अधिकारी, परीक्षा नियंत्रक और विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।