उत्तराखंड में क्रिकेट टीम बेचने के नाम पर बड़ा फर्जीवाड़ा, खिलाड़ियों और निवेशकों से लाखों की धोखाधड़ी!

हल्द्वानी के अंतरराष्ट्रीय स्टेडियम में आयोजित होने वाली टी-20 क्रिकेट लीग के नाम पर लाखों रुपये की ठगी का खुलासा हुआ। आयोजकों ने टीम फ्रेंचाइज़ी और मैच टिकट के लिए पैसा लिया, लेकिन मैच नहीं कराया। मुख्य आरोपी गिरफ्तार, जांच जारी है।
Advertisement Secret Himalayan Treks Near Kedarnath You’ve Never Heard Of

Trails once used by sages, locals, and shepherds. Ideal for travelers seeking silence over social media fame.

Example Ads Media
Haldwani cricket tournament fraud: Cricket Tournament Fraud in Haldwani
Image: Cricket Tournament Fraud in Haldwani

हल्द्वानी: उत्तराखंड के हल्द्वानी के गौलापार स्थित इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय खेल स्टेडियम में क्रिकेट टूर्नामेंट के नाम पर बड़ी ठगी का मामला सामने आया है। आयोजकों ने कथित टी-20 क्रिकेट लीग के नाम पर लोगों से टीम, फ्रेंचाइज़ी और टिकट के लिए मोटी रकम वसूली, लेकिन मैच नहीं कराए गए। अब पुलिस ने मुख्य आयोजक को हिरासत में ले लिया है और जांच तेज कर दी है।

Cricket Tournament Fraud in Haldwani

हल्द्वानी में प्रस्तावित ‘Epic Victory Cricket League’ के आयोजन को लेकर खिलाड़ियों, पूर्व विधायक सहित कई लोगों ने शिकायत की कि आयोजकों ने लीग के नाम पर फ्रेंचाइज़ी एवं टिकट के लिए लाखों रुपये वसूले, लेकिन मैच आयोजित नहीं किए। पुलिस ने मुख्य शख्स विकास ढाका को हिरासत में लिया है और धोखाधड़ी के आरोप की जांच कर रही है।

क्या है मामला.. जानिये

गौलापार स्थित अंतरराष्ट्रीय स्टेडियम में टी-20 क्रिकेट लीग आयोजित होने वाला था, जिसमें छह टीमों सहित उत्तराखंड सोल्जर्स, दिल्ली नाइट्स, यूपी वारियर्स आदि के शामिल होने की घोषणा की गई थी। आयोजक ने पूर्व भारतीय क्रिकेटरों के खेलने का दावा भी प्रचारित किया, जिससे लोगों में उत्साह बढ़ा। लोगों से टीम फ्रेंचाइज़ी, खिलाड़ियों से भागीदारी शुल्क और टिकट के नाम पर लाखों रुपये लिए गए, लेकिन मैच कभी शुरू नहीं हुआ।

धोखाधड़ी की शिकायत और गिरफ्तारी

पिछले दिनों पूर्व विधायक नारायण पाल सहित कई पीड़ितों ने पुलिस से शिकायत की कि उनसे टीम और मैच में भागीदारी दिलाने के नाम पर पैसे लिए गए। पुलिस ने मुख्य आयोजक विकास ढाका को एक होटल से हिरासत में लिया है और मामले में धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कर लिया है। प्रारंभिक जांच में पता लगाया जा रहा है कि कितनी राशि और कितने लोग प्रभावित हुए हैं।

आयोजकों ने लीग को बेहद बड़ा बताया और कई टीमों और खिलाड़ियों को जोड़ने का दावा किया था। प्रचार में स्टेडियम के महत्व, बैनरों और पिच की तैयारी का हवाला देकर लोगों को विश्वास में लिया गया। मैच की तिथियाँ भी घोषित की गईं, लेकिन आयोजन स्थगित ही रहा।

दर्शकों और खिलाड़ियों की नाराजगी

प्रतियोगिता धीरे-धीरे टलती गई और टिकेट खरीदने वाले दर्शक और खिलाड़ियों में असंतोष फैल गया। कुछ लोगों ने पुलिस को बताया कि टिकटों के पैसे वापस नहीं किए जा रहे हैं, जबकि आयोजकों ने आयोजन को स्थगित कर दिया। इस धोखाधड़ी के बीच पुलिस जांच को गंभीरता से ले रही है और आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जा रही है। हल्द्वानी का इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय खेल स्टेडियम लगभग 25,000 दर्शकों की क्षमता वाला आधुनिक स्टेडियम है, जहां फुटबॉल, क्रिकेट और अन्य खेल आयोजित होते हैं। मुख्य मैदान गौलापार क्षेत्र में स्थित है और राज्य में खेल गतिविधियों का प्रमुख स्थल है।

आगे क्या हो सकती है कार्रवाई?

पुलिस आरोपियों के खिलाफ कोर्ट में चार्जशीट दाखिल करेगी। जांच में यह पता लगाया जा रहा है कि कितने लोगों के साथ धोखाधड़ी हुई है और कितनी राशि ली गई है। यदि आवश्यक हुआ तो वित्तीय धोखाधड़ी, आपराधिक साजिश और उपभोक्ता संरक्षण के तहत भी कार्रवाई होने की संभावना है।