मसूरी के टिपरीधार स्थित होम स्टे में दिल्ली की 27 वर्षीय नवविवाहिता की संदिग्ध मौत के मामले में मजिस्ट्रेटी जांच के आदेश जारी। प्रशासन ने 17 जुलाई तक साक्ष्य और जानकारी मांगी।
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Image: Magisterial Probe Ordered into Woman Suspicious Death in Mussoorie
देहरादून: उत्तराखंड के प्रसिद्ध पर्यटन स्थल मसूरी में दिल्ली से पति के साथ घूमने आई 27 वर्षीय नवविवाहिता की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए जिला प्रशासन ने मजिस्ट्रेटी जांच के आदेश जारी कर दिए हैं। पुलिस पहले से इस मामले की जांच कर रही है, जबकि अब प्रशासनिक स्तर पर भी पूरे घटनाक्रम की विस्तृत पड़ताल होगी।
Magisterial Probe Ordered into Woman Suspicious Death in Mussoorie
जानकारी के अनुसार, मृतका पी. राधा गायत्री (27 वर्ष) अपने पति के साथ दिल्ली से मसूरी घूमने आई थीं। दोनों धनोल्टी मार्ग स्थित टिपरीधार के कियाना होम स्टे में ठहरे हुए थे। 15 जून 2026 को होम स्टे के कमरे में महिला की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजते हुए भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी। आखिर क्या हुआ था उस दिन... आगे पढ़िए
जिलाधिकारी ने दिए मजिस्ट्रेटी जांच के आदेश
मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए देहरादून जिलाधिकारी ने मजिस्ट्रेटी जांच कराने के निर्देश दिए हैं। संयुक्त मजिस्ट्रेट एवं एसडीएम मसूरी राहुल आनंद को जांच अधिकारी नियुक्त किया गया है। जांच के दौरान यह पता लगाया जाएगा कि महिला की मौत आत्महत्या, दुर्घटना या किसी आपराधिक घटना का परिणाम थी। सभी संभावित पहलुओं की गहन जांच की जाएगी। प्रशासन ने आम नागरिकों से अपील की है कि यदि किसी के पास इस घटना से संबंधित कोई जानकारी, दस्तावेज, फोटो, वीडियो या अन्य साक्ष्य हों, तो वे 17 जुलाई तक जांच अधिकारी के समक्ष प्रस्तुत कर सकते हैं। प्रशासन का कहना है कि इससे निष्पक्ष और पारदर्शी जांच सुनिश्चित की जा सकेगी।
कई सवालों के जवाब तलाश रही जांच एजेंसियां
घटना के बाद सबसे बड़ा सवाल यह है कि आखिर कमरे के अंदर क्या हुआ था? क्या यह सामान्य हादसा था, आत्महत्या थी या किसी साजिश का हिस्सा? जांच एजेंसियां यह भी पता लगाएंगी कि घटना से पहले दंपती के बीच क्या हुआ था, होम स्टे स्टाफ ने क्या देखा और उपलब्ध वैज्ञानिक साक्ष्य क्या संकेत देते हैं। मामले में पुलिस जांच जारी है और मजिस्ट्रेटी जांच भी शुरू हो चुकी है। अंतिम निष्कर्ष जांच रिपोर्ट आने के बाद ही सामने आएगा। अभी तक प्रशासन या पुलिस ने मौत के कारणों को लेकर कोई अंतिम निष्कर्ष जारी नहीं किया है।
मसूरी में क्या हुआ था उस दिन
मृतका अपने पति सौम्य श्रीचरण के साथ 14 जून की रात मसूरी-धनोल्टी रोड स्थित टिपरीधार के कियाना होमस्टे में रुकी थी। 15 जून की सुबह वह कमरे में संदिग्ध परिस्थितियों में मृत पाई गई। पति का दावा: पति के अनुसार, दोनों ने रात में शराब पी थी और तक़रीबन साढ़े तीन बजे सोए थे। सुबह उठने पर उन्होंने अपनी पत्नी को अचेत अवस्था में और नाक से खून बहते हुए पाया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट: 21 दिन बीत जाने के बाद भी पोस्टमार्टम रिपोर्ट मौत का वास्तविक कारण स्पष्ट नहीं कर सकी है, जिसके बाद विसरा (Viscera) को केमिकल और फॉरेंसिक जांच के लिए सुरक्षित रखा गया है। दर्ज मुकदमा: मृतका के पिता पी. सुधाकर ने ससुराल वालों पर उत्पीड़न और उनकी बेटी की हत्या का आरोप लगाया था। पिता की शिकायत पर पति के खिलाफ हत्या (BNS Section 103) का मुकदमा पहले ही दर्ज किया जा चुका है।