उत्तराखंड: रसोई का बजट बिगड़ा! उत्तराखंड में चीनी ₹70, आटा और तेल के दाम भी चढ़े

Uttarakhand News: उत्तराखंड में महंगाई से रसोई का बजट बिगड़ गया है। 12 दिन में चीनी ₹48 से बढ़कर ₹70 किलो हुई, जबकि आटा, सरसों तेल और रिफाइंड के दाम भी बढ़े।
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Dehradun News: Sugar Flour and Oil Prices Rise in Uttarakhand
Image: Sugar Flour and Oil Prices Rise in Uttarakhand

देहरादून: उत्तराखंड में महंगाई का असर अब आम आदमी की रसोई पर साफ दिखाई देने लगा है। चीनी, आटा और खाद्य तेल जैसी रोजमर्रा की जरूरत की चीजों के दाम बढ़ने से घरेलू बजट प्रभावित हो रहा है। सबसे ज्यादा तेजी चीनी के दामों में देखने को मिली है।

Sugar, Flour and Oil Prices Rise in Uttarakhand

करीब 12 दिन पहले फुटकर बाजार में चीनी 48 रुपये प्रति किलो बिक रही थी। इसके बाद भाव 55 रुपये हुआ और अब ग्राहकों को यही चीनी करीब 70 रुपये प्रति किलो खरीदनी पड़ रही है। यानी 12 दिन से भी कम समय में चीनी के भाव में करीब 22 रुपये प्रति किलो की बढ़ोतरी हुई है।

गुड़ और मिश्री भी महंगी

चीनी के साथ-साथ गुड़ और मिश्री के दामों में भी तेजी आई है।
गुड़: 50 रुपये से बढ़कर करीब 70 रुपये प्रति किलो
मिश्री: 55 रुपये से बढ़कर 65-70 रुपये प्रति किलो
चीनी: 48 रुपये से बढ़कर 70 रुपये प्रति किलो
खाद्य वस्तुओं की कीमतों में इस तेजी से खासकर मध्यम वर्ग और सीमित आय वाले परिवारों के घरेलू बजट पर अतिरिक्त दबाव पड़ रहा है।

15 दिन में आटा 30 रुपये महंगा

आटे की कीमतों में भी तेजी देखने को मिली है। आढ़त बाजार के थोक व्यापारी विनोद कुमार गोयल के अनुसार, 10 किलो चक्की आटे की पैकिंग, जो करीब 15 दिन पहले 285 रुपये में मिल रही थी, अब बढ़कर 315 रुपये हो गई है। वहीं चक्की आटा थोक बाजार में करीब 335 रुपये तक उपलब्ध है, जबकि फुटकर बाजार में इसकी कीमत 42 से 44 रुपये प्रति किलो तक पहुंच गई है।

ब्रांडेड आटे के दाम भी बढ़े

ब्रांडेड आटे की कीमतों में भी करीब 10 से 15 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी बताई जा रही है। इससे रोजाना आटे की खपत करने वाले परिवारों के मासिक बजट पर सीधा असर पड़ रहा है।

सरसों तेल के दाम में 300 रुपये की बढ़ोतरी

रसोई में इस्तेमाल होने वाले खाद्य तेल भी महंगे हो गए हैं। थोक बाजार में 15 लीटर सरसों तेल के कोल्हू टीन की कीमत में करीब 300 रुपये की बढ़ोतरी हुई है। बताया गया कि सरसों तेल का 15 लीटर टीन पहले करीब 2,200 रुपये में मिल रहा था, जो अब बढ़कर 2,500 रुपये हो गया है। वहीं कुछ थोक बाजारों में इसकी कीमत 2,700 रुपये तक पहुंच रही है। फुटकर बाजार में सरसों तेल करीब 190 से 200 रुपये प्रति लीटर तक बिक रहा है।

रिफाइंड तेल भी हुआ महंगा

रिफाइंड तेल की कीमत में भी बढ़ोतरी हुई है। 15 लीटर के टीन पर करीब 270 रुपये की वृद्धि बताई गई है। जो रिफाइंड टीन थोक बाजार में पहले करीब 1,930 रुपये में उपलब्ध था, अब उसकी कीमत बढ़कर करीब 2,200 रुपये हो गई है।

महंगाई से आम आदमी की रसोई पर बढ़ा दबाव

चीनी, गुड़, मिश्री, आटा और खाद्य तेल जैसी रोजमर्रा की वस्तुओं के दाम बढ़ने से देहरादून में घरेलू बजट प्रभावित होने लगा है। खासकर उन परिवारों के लिए मुश्किल बढ़ रही है जिनकी आय सीमित है और जिनके मासिक खर्च का बड़ा हिस्सा राशन पर जाता है।

खाद्य वस्तुओं के बढ़े दाम

खाद्य वस्तुओं की कीमतों में भी तेजी देखने को मिली है। चीनी का भाव ₹48 प्रति किलो से बढ़कर ₹70 प्रति किलो हो गया है। इसी तरह गुड़ ₹50 से बढ़कर ₹70 प्रति किलो और मिश्री ₹55 से बढ़कर ₹65 से ₹70 प्रति किलो तक पहुंच गई है। वहीं 10 किलो चक्की आटे का पैकेट ₹285 से बढ़कर ₹315 हो गया है। खाद्य तेलों की बात करें तो 15 लीटर सरसों तेल का टीन ₹2,200 से बढ़कर ₹2,500 हो गया है, जबकि 15 लीटर रिफाइंड तेल की कीमत ₹1,930 से बढ़कर ₹2,200 पहुंच गई है। इससे आम लोगों की रसोई का बजट और ज्यादा प्रभावित होने लगा है।