देवभूमि का एक IAS अफसर, जो SDM होने के साथ साथ करेगा मरीजों का इलाज!

अगर उत्तराखंड के हर जिले में ऐसे अफसर हों, तो जनता कि दिलों में अलग ही मान-सम्मान उमड़ जाता है।
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उत्तराखंड: Story of ias officer saurabh gaharwa
Image: Story of ias officer saurabh gaharwa

पिथौरागढ़: पहाड़ के ग्रामीण इलाके आज भी स्वास्थ्य सुविधाओं के लिए तरस रहे हैं। ऐसे में प्रदेश का एक इलाका ऐसा भी है, जहां एक आईएएस अफसर प्रशासनिक कामों के साथ-साथ जल्द ही मरीजों का अल्ट्रासाउंड करते दिखेंगे। ये आईएएस अफसर हैं डॉ. सौरभ गहरवा, जो कि गंगोलीहाट के एसडीएम होने के साथ ही रेडियोलॉजिस्ट भी हैं। उन्होंने हाल ही में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में मरीजों के अल्ट्रासाउंड करने की इजाजत मांगी है। प्रशासन अगर मंजूरी दे देता है तो जल्द ही इलाके के मरीजों को गंगोलीहाट के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में अल्ट्रासाउंड की सुविधा मिलने लगेगी। सीएचसी गंगोलीहाट में इस वक्त केवल तीन डॉक्टर्स तैनात हैं। स्पेशलिस्ट ना होने की वजह से मरीजों को इलाज के लिए पिथौरागढ़ जाना पड़ता है। मरीजों की समस्या को देखते हुए एसडीएम डॉ. सौरभ गहरवा स्वास्थ्य विभाग के साथ तहसील इलाके में हेल्थ कैंप लगाकर मरीजों का इलाज कर रहे हैं।

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डा.सौरभ गहरवा ने बताया कि जिन क्षेत्रों में जरूरत होगी उनमें शिविर लगाए जाएंगे। इसके साथ ही मरीजों के अल्ट्रासाउंड करने के लिए विभाग से परमीशन मांगी गई है, मंजूरी मिलते ही मरीजों के अल्ट्रासाउंड का काम शुरू कर दिया जाएगा। आपको बता दें कि साल 2008 में स्वास्थ्य विभाग ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में अल्ट्रासाउंड मशीन लगाई थी, लेकिन रेडियोलॉजिस्ट ना होने की वजह से पिछले 10 साल से ये मशीन धूल फांक रही है। एसडीएम सौरभ गहरवा की कोशिश रंग लाई तो जल्द ही इस मशीन का इस्तेमाल होने लगेगा। इसका फायदा इलाके की ग्रामीण महिलाओं को होता है, जिन्हें अभी अल्ट्रासाउंड कराने के लिए 83 किलोमीटर दूर पिथौरागढ़ जाना पड़ता है। फिलहाल एसडीएम की इस पहल की हर कोई तारीफ कर रहा है। बस देखना ये है कि कब तक उन्हें इस काम के लिए मंजूरी मिलती है।