पहाड़ का शाश्वत..1 शतक और 5 अर्धशतक ठोककर बना था स्टार, अब टीम इंडिया में चयन

पहाड़ के एक शिक्षक का बेटा एशिया कप खेलेगा, इसका बल्ला आग उगलता है..जानिए शाश्वत रावत की कहानी
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प्रकृति से जुड़ने और आत्मिक शांति पाने का अवसर। केदार हिमालय की वो यात्राएं जो ज़िंदगी भर याद रहती हैं।

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उत्तराखंड न्यूज: shashwat rawat of uttarakhand selected in india u 19 team for asia cup
Image: shashwat rawat of uttarakhand selected in india u 19 team for asia cup

: उत्तराखंड के स्यालदे ब्लॉक के सदे गांव के लड़के का हुनर अब इंटरनेशनल मंच पर दिखेगा। ये बात सच है कि उत्तराखंड के युवाओं में हुनर की कोई कमी नहीं है। आज हर मंच का दरबार उत्तराखंड के युवाओं के लिए खुला है। पढ़ाई के साथ साथ खेल, संगीत, फिल्म और ना जाने कितने क्षेत्रों में पहाड़ के युवा परचम लहरा रहे हैं। इन्हीं में से एक लड़का है शाश्वत रावत। उत्तराखंड के अल्मोड़ा के स्याल्दे ब्लाक के सदे गांव का लड़का। ये बात तो आपको पता ही होगी कि शाश्वत का चयन एशिया कप के लिए अंडर-19 टीम में हुआ है। पूरे जिले में खुशी की लहर है और होनी भी चाहिए। शाश्वत के पिता गोपाल सिंह रावत राजकीय प्राथमिक विद्यालय पत्थरखोला में शिक्षक हैं। खास बात ये है कि शाश्वत की माताजी भी शिक्षक हैं। शाश्वत की मां डॉ. नर्मदा रावत पृथ्वी राज डिग्री कॉलेज बाहदराबाद हरिद्वार में हिंदी की प्रोफेसर हैं। हरिद्वार से ही शाश्वत के क्रिकेट के सपनों को पंख लगे थे। आगे पढ़िए

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यहां से वो देहरादून स्थित महाराणा प्रताप स्पोर्ट्स कॉलेज चले गए। इसके बाद कोच पवन पाल की निगरानी में शाश्वत ने प्रैक्टिस शुरू की। बल्लेबाजी में शाश्वत के हाथ अच्छे हैं। अंडर-19 कूच बिहार ट्रॉफी में उन्होंने शानदार खेल दिखाया था। कूच बिहार ट्रॉफी में मध्यक्रम के इस बल्लेबाज ने 5 अर्धशतकों की बदौलत 616 रन ठोक दिए थे। इतना ही नहीं चैलेंजर ट्रॉफी में इंडिया रेड की तरफ से खेलते हुए शाश्वत ने शानदार शतक जमाया था सुर्खियां बटोरी थी। अब शाश्वत का अगला टार्गेट है कि वो जूनियर विश्वकप में भारतीय टीम का हिस्सा बनें। लेकिन इसके लिए एशिया कप में जबरदस्त खेल दिखाना है और इस बात को शाश्वत अच्छी तरह से जानते भी हैं। फिलहाल पहाड़ के इस लड़के को सुनहरे भविष्य के लिए बहुत बहुत शुभकामनाएँ। आगे भी जीतकर ही आना।