पहाड़ में पुलिस की तानाशाही..घर में घुसकर लोगों को पीटा, महिलाओं से बदसलूकी

बागेश्वर में पुलिस की गुंडागर्दी सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई, पुलिस पर गंभीर आरोप लगे हैं...
Advertisement Triyuginarayan - World’s Most Divine Wedding Destination

Couples are choosing the sacred land of Lord Shiva’s wedding to begin their own love stories.

Example Ads Media
Uttarakhand police: Police beaten shopkeeper in bageshwar
Image: Police beaten shopkeeper in bageshwar

देहरादून: खुद को जनता का मित्र बताने वाली उत्तराखंड पुलिस अपनी मित्रता कैसे निभा रही है, इसका एक नजारा बागेश्वर में देखने को मिला। जहां पुलिस पर सर्च अभियान के नाम पर गुंडागर्दी के आरोप लगे हैं। आरोप है कि पुलिसकर्मियों ने बेकसूर नागरिकों को पीटा, महिलाओं को भी नहीं बख्शा, उनके साथ भी जमकर मारपीट की। पुलिस की गुंडागर्दी की पूरी वारदात सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई। जब पुलिसवालों को लगा कि अब वो फंसने वाले हैं, तो उन्होंने पीड़ितों के खिलाफ ही केस दर्ज कर दिया। पूरा मामला क्या है ये भी बताते हैं। घटना सैंज इलाके की है, जहां पुलिस को अवैध तरीके से शराब बेचे जाने की सूचना मिली थी। रविवार देर शाम 8 बजे पुलिसकर्मी गिरीश पांडे के घर धमक पड़े। पहले पुलिस ने उनके जनरल स्टोर में तलाशी ली, पर कुछ नहीं मिला। बाद में पुलिस मकान में रह रहे बैंककर्मी के कमरे में घुस गई। कमरे में ताला लगा था, पुलिस ने ताला तोड़ दिया और चेकिंग की, पर कमरे में भी कुछ नहीं मिला। इसी बीच गिरीश पांडे और उनके भाई राजेश ने पुलिसकर्मियों से सर्च वारंट दिखाने को कहा तो पुलिसवाले भड़क गए। वो राजेश को घसीटते हुए बाहर ले आए और उसे पीटने लगे। उनके भाई दिनेश ने विरोध किया तो पुलिसवालों ने उसे भी थप्पड़ जड़ दिया।

यह भी पढ़ें - उत्तराखंड में पुलिस डिपार्टमेंट भी डेंगू का शिकार, अकेले देहरादून में 102 पुलिसकर्मी बीमार
दिनेश की पत्नी और राजेश पांडे की पत्नी ने विरोध किया तो पुलिसवाले उनसे भी बदसलूकी करने लगे। 75 साल की बुजुर्ग कमला देवी से भी धक्का-मुक्की की। पुलिस बाद में गिरीश और राजेश को थाने ले आई। इसी बीच पुलिसवालों ने अपने बचाव में नई कहानी भी गढ़ ली। बागेश्वर की पुलिस अधीक्षक ने कहा कि सैंज में अवैध शराब के खिलाफ कार्रवाई करने गई पुलिस के साथ मारपीट की गई, पुलिसकर्मियों पर पथराव किया। दो आरोपियों को पुलिस ने पकड़ लिया है, तीसरा आरोपी फरार है। पर इस मामले में पुलिस खुद घिरती नजर आ रही है। क्योंकि कार्रवाई के समय पुलिस के पास सर्च वारंट नहीं था। मकान मालिक का आरोप है कि पुलिस ने बिना अनुमति के किरायेदार के कमरे का ताला भी तोड़ दिया। वारदात सीसीटीवी कैमरे में कैद है। वहीं जिला कांग्रेस कमेटी ने इस पूरी घटना की निष्पक्ष जांच की मांग की है। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने पुलिसकर्मियों पर गुंडागर्दी करने का भी आरोप लगाया।

  • Youtube सब्सक्राइब करें: