उत्तराखंड: बेटे के जन्मदिन पर उठी पिता की अर्थी, साथी ने बर्बाद किया हंसता-खेलता परिवार

इस दिल दहला देने वाली घटना का दिल चीर देने वाला पहलू ये है कि बेटे के जन्मदिन के दिन ही पिता की मौत की खबर से परिवार में मातम पसरा है।
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उत्तराखंड न्यूज: UPDATE DEAD BODY OF POLICE MOHIT JOSHI
Image: UPDATE DEAD BODY OF POLICE MOHIT JOSHI

पिथौरागढ़: उत्तराखंड के पिथौरागढ़ में हुई पुलिस के जवान मोहित जोशी की हत्या के बाद से परिवार सन्न है। मोहित के ही साथी पुलिस कांस्टेबल ने छोटी सी बात पर एक हंसता खेलता परिवार बर्बाद कर दिया। इस दिल दहला देने वाली घटना का दिल चीर देने वाला पहलू ये है कि बेटे के जन्मदिन के दिन ही पिता की मौत की खबर से परिवार में मातम पसरा है। यू समझ लीजिए कि बेटे के जन्मदिन के दिन पिता की अर्थी उठी। जी हां...अमर उजाला की खबर के मुताबिक 7 जनवरी को मोहित जोशी के बेटे रौनक का जन्मदिन है। पिता ने वादा किया था कि बेटे के जन्मदिन के दिन वो वापस जरूर आएंगे। किस्मत को न जाने क्या मंजूर था कि बेटे के जन्मदिन पर पिता की लाश घर पहुंची। आपको बता दें कि गिरीश जोशी और मोहित जोशी पिथौरागढ़ जिले में तैनात थे। दोनों पुलिस महकमे में थे, सहकर्मी होने के साथ-साथ अच्छी दोस्ती थी दोनों में। चार दिन पहले दोनों साथ में गए थे। ये आखिरी मौका था, जबकि दोनों को साथ में देखा गया। 2 जनवरी के बाद से मोहित जोशी लापता हो गया। गिरीश जोशी भी छुट्टी पर चला गया। मोहित जोशी नहीं मिला तो पुलिस ने उसके साथी गिरीश से पूछताछ की। पूछताछ में गिरीश ने जो खुलासा किया, उसे सुन पुलिसवाले भी सन्न रह गए। आगे पढ़िए

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गिरीश ने बताया कि दो जनवरी को वो मोहित को अपनी कार में बैठाकर चंडाक बांस रोड पर ले गया था। इसी दौरान मोहित लघुशंका करने के लिए कार से उतरा। तभी गिरीश ने उसे खाई में धक्का दे दिया जिस वजह से मोहित की मौत हो गई। मोहित की हत्या का आरोपी पुलिस की गिरफ्त में है। पुलिस ने लापता सिपाही की लाश भी बरामद कर ली है। मोहित की हत्या क्यों की गई, ये भी आपको बताते हैं। मोहित जोशी काशीपुर के रहने वाले थे। वो पुलिस लाइन में तैनात थे। 2 जनवरी को मोहित अचानक लापता हो गए। पुलिस ने जांच की तो पता चला कि 11 दिसंबर को मोहित का अपने साथी गिरीश जोशी के साथ झगड़ा हो गया था। ये भी पता चला कि जब से मोहित लापता है, तभी से गिरीश भी छुट्टी पर है। पुलिस ने गिरीश को वापस बुलाया और उससे सख्ती से पूछताछ की। पुलिस की सख्ती के सामने गिरीश टूट गया और उसने सच उगल दिया। गिरीश ने बताया कि 11 दिसंबर को वो अपने कमरे में किसी महिला के साथ बैठा था। तभी किसी ने कमरे के बाहर से कुंडी लगा दी। गिरीश को शक था कि ये हरकर मोहित ने की है। इस बात को लेकर दोनों के बीच झगड़ा भी हुआ। तब से गिरीश उसे सबक सिखाने का मौका ढूंढ रहा था। ये मौका उसे 2 जनवरी को मिला। गिरिश मोहित को अपने साथ कार में ले गया और उसे कफलडुंगरी में खाई में धकेलकर मार डाला। आरोपी गिरीश अल्मोड़ा का रहने वाला है। पुलिस ने मोहित की लाश बरामद कर ली है।