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हजारों वर्षों से जलती अखंड ज्योति के सामने सात फेरे - आस्था, परंपरा और प्रकृति का अनोखा संगम
पहाड़, मंत्र और देवभूमि का आशीर्वाद.. त्रियुगीनारायण में शादी सिर्फ एक समारोह नहीं, आध्यात्मिक अनुभव है।
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बागेश्वर: कोरोना ने उत्तराखंड को भी अपनी चपेट में ले लिया है। पिछले 100 घंटों से उत्तराखंड में कोई भी कोरोना वायरस का केस नहीं आया था लेकिन कल रात में ही दो कोरोना के केस आने के बाद राज्य में उथल-पुथल मच गई है। ऐसी मुश्किल घड़ी में राज्य में तैनात पुलिसकर्मियों की जिम्मेदारी और बढ़ जाती है। राज्य में ऐसे कई पुलिसकर्मी मौजूद हैं जिनके लिए परिवार से भी ज्यादा जरूर उत्तराखंड की सेवा करना है।आज ऐसे ही एक वॉरियर की कहानी हम आपके समक्ष लेकर आए हैं, जिन्होंने सारे अपनी जिंदगी के सबसे अहम मौके को छोड़कर पहले देवभूमि की सेवा को चुना और अपनी ड्यूटी निभाई। हम बात कर रहे हैं डीएसपी संगीता (kapkot co sangeeta) की। संगीता कपकोट में सीओ के तौर पर कार्यरत हैं। उन्होंने समाज के आगे ड्यूटी के प्रति समर्पण का एक जीवंत उदाहरण पेश किया है। आपको बता दें की पुलिस अफसर संगीता ने अपना विवाह अपनी ड्यूटी के चलते और राज्य पर छाए हुए कोरोना वायरस को देखते हुए स्थगित कर दिया।