सोशल डिस्टेंसिंग और क्वारेंटीन अवधि का पालन कैसे कराना है ये कोई नैनीडांडा ब्लॉक के भोपाटी गांव से सीखे। इस गांव के लोगों ने प्रवासियों को क्वारेंटीन करने के लिए शानदार टैंट हाउस बनाए हैं, देखिए तस्वीरें..
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कोमल नेगी
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Secret Himalayan Treks Near Kedarnath You’ve Never Heard Of
Trails once used by sages, locals, and shepherds. Ideal for travelers seeking silence over social media fame.
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Image: quarantine tent house made by villagers in nainidanda
पौड़ी गढ़वाल: कोरोना वायरस के खिलाफ जारी जंग में उत्तराखंड के ग्रामीण वॉरियर बनकर उभरे हैं। लॉकडाउन का पालन कैसे करना-कराना है, सोशल डिस्टेंसिंग रूल कैसे फॉलो करना है, ये जानने के लिए आपको पहाड़ आना होगा। शहरों में जहां लॉकडाउन की खुलेआम धज्जियां उड़ रही हैं तो वहीं उत्तराखंड के कई गांवों में क्वारेंटीन और सोशल डिस्टेंसिंग फॉलो कराने के लिए ऐसे शानदार इंतजाम किए गए हैं, जिन्हें देख आप भी इन गांवों को सैल्यूट करेंगे। कुछ ऐसी ही शानदार तस्वीरें पौड़ी गढ़वाल से सामने आई हैं। जहां नैनीडांडा ब्लॉक के भोपाटी गांव में ग्रामीणों ने ऐसा शानदार काम किया है, जिसकी सोशल मीडिया पर जमकर तारीफ हो रही है। दरअसल गांव के लोगों ने बाहर से लौटने वाले प्रवासियों को क्वारेंटीन करने के लिए शानदार टैंट हाउस बनाए हैं। ये देखने में भले ही साधारण लगें, लेकिन इनमें बिजली, पानी और शौचालय समेत हर सुविधा का पूरा इंतजाम है।
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ग्रामीणों ने बताया कि बाहर से आने वाले लोग 14 दिन की क्वारेंटीन अवधि आराम से बिताएं और गांव कोरोना से सुरक्षित रहे, इसे ध्यान में रख युवाओं की मदद से गांव में क्वारेंटीन टैंट हाउस बनाए गए हैं। इन्हें बनाने में सभी ग्रामीण अपने स्तर पर सहयोग कर रहे हैं। इस तरह क्वारेंटीन टैंट हाउस बनाने वाला भोपाटी गांव कोरोना के खिलाफ जंग में शानदार मिसाल पेश कर रहा है। आपको बता दें कि पौड़ी में कोरोना संक्रमण के दो केस सामने आए हैं। जिनमें से एक मरीज ठीक हो चुका है। लॉकडाउन में ढील मिलने के बाद हजारों लोग गांव लौटे हैं। डीएम धीराज सिंह गर्ब्याल ने आने वाले दिनों में 25 हजार से ज्यादा प्रवासियों के पौड़ी लौटने की उम्मीद जताई है। डीएम के निर्देश पर जिले की ग्राम सभाओं में पंचायतें और ग्रामीण अपने स्तर पर इस बीमारी से बचाव के लिए हर जरूरी इंतजाम कर रहे हैं।