जिस लाडली की हंसी से कभी पूरा घर चहकता था, बीती शाम वो अचानक बेजान हो गई। माता-पिता बच्ची के बेजान शरीर को सीने से चिपकाए बिलखते रहे। घटना को लेकर गांव के लोगों में डर है साथ ही गुस्सा भी...आगे पढ़िए पूरी खबर
-
komal
-
Advertisement
No reels. No crowds. Just Kedar Himalaya - This trek doesn’t want to be famous..
Alpine meadows, dense forests, and snow-capped peaks in one journey. Suitable for both beginner and experienced trekkers.
Example Ads Media
Image: Girl child killed in leopard attack chamoli narayanbagar
चमोली: नरभक्षी गुलदार पहाड़ में आतंक का सबब बने हुए हैं। अगर आप अपने बच्चों के साथ समय बिता पा रहे हैं, तो खुद को खुशनसीब समझिए, क्योंकि चमोली के एक परिवार को ये खुशी अब कभी नसीब नहीं हो पाएगी। जिले को थराली क्षेत्र में गुलदार ने 11 साल की बच्ची दृष्टिका को अपना निवाला बना लिया। जिस लाडली की हंसी से कभी पूरा घर चहकता था, बीती शाम वो अचानक बेजान हो गई। बच्ची के मौत के बाद परिजनों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। माता-पिता बच्ची के बेजान शरीर को सीने से चिपकाए बिलखते रहे। घटना को लेकर गांव के लोगों में डर है साथ ही गुस्सा भी। लोग नरभक्षी गुलदार को मारने की मांग कर रहे हैं। घटना को लेकर गांव के लोगों में डर है साथ ही गुस्सा भी...आगे पढ़िए पूरी खबर
यह भी पढ़ें - गुड न्यूज: उत्तराखंड में 93 लोगों ने कोरोना को हराया, टोटल 2111 मरीज स्वस्थ..देखिए नई लिस्ट
घटना कुलसारी के गैरबारम गांव की है। जहां बीती शाम 7 बजे गुलदार ने एक बच्ची पर हमला कर दिया। उस वक्त बच्ची गौशाला में गई हुई थी, लेकिन उसे क्या पता था कि गौशाला के पास गुलदार की शक्ल में मौत उसका इंतजार कर रही है। मौका मिलते ही गुलदार ने बच्ची पर हमला कर दिया और उसे खींचते हुए जंगल की तरफ ले गया। बाद में बच्ची की अधखाई लाश जंगल के पास पड़ी मिली। गुलदार के आतंक से लोग सहमे हुए हैं। ग्रामीणों ने बताया कि इससे पहले भी मलतुरा के पास स्थित गांव में गुलदार ने एक बच्चे को अपना निवाला बनाया था। तब वन विभाग ने कहा था कि क्षेत्र में गश्त बढ़ाएंगे, गुलदार को पकड़ेंगे। लेकिन ऐसा कुछ नहीं हुआ। अब गुलदार ने एक और बच्ची को मार डाला। गुलदार से डरे लोग घर से बाहर नहीं निकल रहे। काम के लिए खेतों के पास जाने तक से डर लगने लगा है। क्षेत्र के ग्रामीणों ने वन विभाग से गुलदार को मारने की मांग की।
यह भी पढ़ें - सिर्फ उत्तराखंड के श्रद्धालु कर सकेंगे चारधाम दर्शन..10 नियमों का हर हाल में होगा पालन
इससे पहले भी मलतुरा के समीप बाघ ने नेपाली मूल के एक मासूम को अपना निशाना बनाया था ग्रामीणों को आशंका है कि ग़ैरबारम में मासूम बच्ची को अपना निवाला बनाने वाला बाघ वही है जिसके द्वारा मलतुरा के समीप छोटे बच्चे को अपना निशाना बनाया गया लिहाजा ऐसे में ग्रामीणों ने अब इस बाघ को आदमखोर घोषित कर गांव और आसपास के इलाकों में शिकारी तैनात कर इस बाघ का शिकार करने की मांग प्रशासन से की है,तो वहीं,पूर्व दर्जा मंत्री सुशील रावत,जिला पंचायत सदस्य विनायक वार्ड भागीरथी रावत ,ब्लॉक प्रमुख नारायणबगड़ यशपाल नेगी सहित अन्य जनप्रतिनिधियों ने मासूम बच्ची के निधन पर शोक व्यक्त करते हुए स्थानीय प्रशासन से जल्द से जल्द इस बाघ को पकड़ने की मांग भी उठायी है।