उत्तराखंड: पिता बेचते हैं मूंगफली..बेटे ने इंटरनेशनल बुक ऑफ रिकॉर्ड में दर्ज कराया नाम

15 साल के अभिषेक की जिंदगी मुफलिसी में गुजर रही है, लेकिन आर्थिक दिक्कतों के बावजूद उन्होंने अपना हौसला हमेशा बनाए रखा।
Advertisement Triyuginarayan - World’s Most Divine Wedding Destination

Couples are choosing the sacred land of Lord Shiva’s wedding to begin their own love stories.

Example Ads Media
Udham singh nagar news: Udham singh nagar abhishek named in international records
Image: Udham singh nagar abhishek named in international records

उधमसिंह नगर: उत्तराखंड के होनहार लाल अभिषेक चंद्रा की हर कोई दिल खोलकर तारीफ कर रहा है। करे भी क्यों न, सिर्फ 15 साल की उम्र में उसने ऐसा कारनामा जो कर दिखाया है। अभिषेक चंद्रा का नाम इंटरनेशनल बुक ऑफ रिकॉर्ड में दर्ज हो गया है। चलिए अब आपको अभिषेक के कारनामे के बारे में बताते हैं। अभिषेक के नाम संयुक्त राष्ट्र संघ में सूचीबद्ध सभी देशों के नाम 1 मिनट 58 सेकेंड में बताने का रिकॉर्ड दर्ज है। अभिषेक ने महज 1 मिनट 58 सेकेंड में 196 देशों का नाम बताकर रिकॉर्ड बना दिया। 15 साल के अभिषेक की जिंदगी मुफलिसी में गुजर रही है, लेकिन आर्थिक दिक्कतों के बावजूद उन्होंने अपना हौसला हमेशा बनाए रखा। अभिषेक ऊधमसिंहनगर के रम्पुरा क्षेत्र में रहते हैं। यहां वार्ड नंबर 23 की मलिन बस्ती में रहने वाले अभिषेक बड़ी मुश्किल से अपनी पढ़ाई जारी रखे हुए हैं। उनके पिता राजकुमार चंद्रा गांधी पार्क में मूंगफली का ठेला लगाते हैं। परिवार की माली हालत ठीक न होने के कारण अभिषेक ट्यूशन का खर्च सुबह न्यूजपेपर बांटकर निकालते हैं। अभिषेक आदित्यनाथ झा इंटर कॉलेज में 11 वीं के छात्र हैं। होनहार अभिषेक ने हाईस्कूल में 89.4 प्रतिशत अंक हासिल किए थे। आगे पढें

यह भी पढ़ें - उत्तराखंड में भीषण हादसा..ट्रक और वैन की हुई टक्कर..1 मौत, 9 लोगों की हालत गंभीर
अभिषेक बताते हैं कि कुछ महीने पहले उन्होंने न्यूज पेपर में सबसे ऊंचा धनिये का पौधा उगाने का रिकॉर्ड बनाने वाले व्यक्ति के बारे में पढ़ा था। यहीं से उन्हें भी कुछ अलग करने की प्रेरणा मिली। अभिषेक ने कोई रिकॉर्ड बनाने की ठान ली। लॉकडाउन के दौरान उन्होंने विश्व के देशों के नाम याद करने शुरू कर दिए थे। बाद में उन्होंने इन नामों को कम समय में बोलना शुरू कर दिया। थोड़ी प्रैक्टिस के बाद अभिषेक ने इंटरनेशनल बुक ऑफ रिकॉर्ड को वॉट्सएप के जरिए अपना वीडियो भेजा। इस तरह चार चरणों में चयन के बाद उन्हें वर्ल्ड रिकॉर्ड ऑफ एक्सीलेंस के खिताब से नवाजा गया। संस्था ने अभिषेक का वीडियो अपने यू-ट्यूब और सोशल मीडिया पेज पर भी अपलोड किया है। उन्हें एक प्रमाणपत्र और मेडल भी भेजा गया है। अभिषेक कहते हैं कि हम इंटरनेट का सही इस्तेमाल कर के कुछ भी सीख सकते हैं। अपनी उपलब्धि से प्रदेश का मान बढ़ाने वाले अभिषेक भविष्य में इंजीनियर बनना चाहते हैं।