गढ़वाल: 105 साल की बुजुर्ग दादी ने कोरोना को हराया, ऐसी दृढ़ इच्छाशक्ति को सलाम

दृढ़ इच्छाशक्ति वाली 105 वर्षीय बुद्धि देवी ने 20 दिन में कोरोना को हराकर दूसरों की हिम्मत बांधी है। उन्होंने अपनों के प्यार के दम पर न सिर्फ कोरोना से लड़ाई लड़ी, बल्कि इसमें जीत भी हासिल की। भगवान ऐसी हिम्मत सबको दे।
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Gairsain Wisdom Goddess Coronavirus: 105-year-old grandmother in Gairsain recovers from coronavirus
Image: 105-year-old grandmother in Gairsain recovers from coronavirus

चमोली: मन में जीवन जीने की इच्छा हो तो बड़ी से बड़ी बीमारी भी घुटने टेक देती है। चमोली की रहने वाली 105 वर्षीय महिला ने इसे बखूबी साबित किया है। दृढ़ इच्छाशक्ति वाली बुद्धि देवी ने 20 दिन में कोरोना को हराकर दूसरों की हिम्मत बांधी है। उन्होंने अपनों के प्यार और देखभाल के दम पर न सिर्फ कोरोना से जंग लड़ी, बल्कि इस बीमारी पर जीत भी हासिल की। रविवार को कोरोना जांच में नेगेटिव आने पर सीएचसी गैरसैंण के स्वास्थ्यकर्मी उनके घर पहुंचे और माला पहना कर उनका अभिनंदन किया। स्वास्थ्यकर्मियों ने उनके लंबे जीवन के लिए प्रार्थना भी की। 105 बसंत देख चुकी बुद्धि देवी गैरसैंण के वार्ड नंबर 1 में रहती हैं। 26 अप्रैल को उनकी अचानक तबीयत खराब हो गई। बुखार के साथ खांसी की शिकायत होने लगी। उस वक्त घर में सिर्फ पौत्रवधू ही मौजूद थी। घर के अन्य सदस्य शादी समारोह में शामिल होने के लिए बाहर गए थे।

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पौत्रवधू ने तुरंत समझदारी से काम लिया और बुजुर्ग महिला को अलग कमरे में आइसोलेट कर दिया। अगले दिन परिवार के सभी सदस्य घर लौटे और बुद्धि देवी का एंटीजन टेस्ट कराया, जिसमें वो कोरोना पॉजिटिव पाई गईं। तब परिजनों ने सीएचसी गैरसैंण में संपर्क किया। जहां उन्हें कोविड किट के साथ डॉक्टर ने जरूरी दिशा-निर्देश भी दिए। बुद्धि देवी और परिजनों ने इनका पूरी तरह पालन किया। रविवार को जब बुद्धि देवी की दोबारा जांच की गई तो उनकी कोरोना रिपोर्ट नेगेटिव आई। कोरोना का नाम सुनते ही जहां ज्यादातर लोग हिम्मत हार जाते हैं, वहीं बुद्धि देवी ने खुद को पूरी तरह सकारात्मक बनाए रखा। उनके पोते अभिषेक बताते हैं कि वो दादी के ऑक्सीजन लेवल पर लगातार नजर रख रहे थे। उन्हें ब्रीदिंग एक्सरसाइज भी कराई, खान-पान का विशेष ख्याल रखा। उन्हें बेहद खुशी है कि अब उनकी दादी पूरी तरह से स्वस्थ है।