उत्तराखंड: UKSSSC ने लंबे वक्त बाद दी राहत की खबर, विभिन्न पदों पर होंगी भर्ती परीक्षाएं

यूकेएसएसएससी लंबित परीक्षाएं जल्द शुरू कराने पर विचार कर रहा है। लंबित परीक्षाओं के बाद एलटी, वन दरोगा, स्नातक, इंटरमीडिएट स्तर और सचिवालय सुरक्षा कर्मी की परीक्षा आयोजित कराई जाएगी।
Advertisement No reels. No crowds. Just Kedar Himalaya - This trek doesn’t want to be famous..

Alpine meadows, dense forests, and snow-capped peaks in one journey. Suitable for both beginner and experienced trekkers.

Example Ads Media
Uttarakhand Employment News: There will be recruitment examinations for various posts in UKSSC
Image: There will be recruitment examinations for various posts in UKSSC

देहरादून: उत्तराखंड में युवाओं के लिए सरकारी नौकरी पाने का सुनहरा मौका है। उत्तराखंड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग यानी यूकेएसएसएससी की जो परीक्षाएं कोरोना संक्रमण के चलते टाल दी गई थीं, वो जुलाई से शुरू हो सकती है। पिछले कुछ दिनों में कोरोना की रफ्तार कम हुई है। मंगलवार से अधीनस्थ सेवा चयन आयोग का दफ्तर भी खुल गया। अब आयोग लंबित परीक्षाएं जल्द शुरू कराने पर विचार कर रहा है। आने वाले दिनों में आयोग जेई सिविल, पशुधन प्रसाद अधिकारी और सहायक कृषि अधिकारी पदों के लिए सफल अभ्यर्थियों के प्रमाणपत्रों के वेरिफिकेशन की प्रक्रिया प्रारंभ करेगा। इसके बाद जुलाई तक लंबित परीक्षाएं शुरू करने पर विचार किया जा रहा है। आयोग के सचिव संतोष बडोनी ने बताया कि आयोग को आने वाले दिनों में एलटी, वन दरोगा, स्नातक, इंटरमीडिएट स्तर और सचिवालय सुरक्षा कर्मी की परीक्षा आयोजित करवानी है।

यह भी पढ़ें - उत्तराखंड: गेस्ट हाउस में सेक्स रैकेट का भंडाफोड़..3 कॉल गर्ल समेत 7 लोग गिरफ्तार
जुलाई तक लंबित परीक्षाएं शुरू कराने पर विचार किया जा रहा है। यातायात व्यवस्था सुचारू होते ही भर्ती प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी। उन्होंने कहा कि जरूरत पड़ी तो आयोग लिखित परीक्षा का समय कम करने पर भी विचार कर रहा है। इससे एक दिन में तीन पालियों में परीक्षा संभव हो पाएगी। आपको बता दें कि उत्तराखंड में अलग-अलग विभागों में हजारों पद खाली हैं। इन्हें भरने के लिए भर्ती प्रक्रिया शुरू होनी थी, लेकिन कोरोना संक्रमण के चलते भर्तियां टाल दी गईं। बीते सवा साल से कोविड के चलते भर्ती प्रक्रिया बुरी तरह प्रभावित है। परेशान बेरोजगारों ने सूबे के विधायकों के जरिए सीएम को पत्र भेजकर रिक्त पदों पर आवेदन प्रक्रिया शुरू करवाने की मांग की है। देवभूमि बेरोजगार मंच के पदाधिकारियों के मुताबिक ऊर्जा निगमों में ही जेई के पांच सौ से ज्यादा पद रिक्त हैं, यही स्थिति अन्य विभागों की भी है। लेकिन भर्ती नहीं हो पा रही है, जिससे प्रदेश के युवा मायूस हैं।