आफत की बारिश ने पहाड़ से लेकर मैदान तक जमकर तबाही मचाई। 14 सितंबर तक प्रदेश में बारिश का सिलसिला जारी रहेगा, सतर्क रहें।
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Komal Negi
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Image: Heavy rain likely in 4 district of uttarakhand 12 September
चमोली: उत्तराखंड के लोग बारिश के थमने का इंतजार कर रहे हैं, लेकिन राहत नहीं मिल रही। पिछले कई दिनों से बारिश लगातार जारी है। मानसून के साथ आई मुश्किलें अब भी कम नहीं हुई हैं। मौसम विभाग का कहना है कि फिलहाल बारिश का दौर जारी रहेगा। आज उत्तराखंड राज्य के जनपदों के अधिकांश स्थानों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। गरज के साथ बौछारें पड़ने का अनुमान है। पर्वतीय इलाकों में रहने वाले लोगों के लिए ये मुश्किल का समय है, क्योंकि आज भी इन क्षेत्रों के लिए भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी हुआ है। 14 सितंबर तक मौसम में बदलाव के आसार नहीं दिख रहे। 12 सितंबर तक उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली और पिथौरागढ़ में बहुत भारी बारिश की संभावना बनी हुई है, इन जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी हुआ है। जबकि देहरादून, पौड़ी, टिहरी, नैनीताल, चंपावत और बागेश्वर के लिए यलो अलर्ट जारी हुआ है।
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संवेदनशील जगहों पर भूस्खलन और चट्टानें टूटने की आशंका है, यहां रहने वाले लोग सावधान रहें। नदियां-गदेरे उफान पर हैं, ऐसे में नदी और नालों के समीप रहने वालों को भी सतर्क रहना होगा। खराब मौसम में पहाड़ की यात्रा टाल ही दें तो बेहतर होगा। यात्रा पर निकलते वक्त संबंधित जगह के मौसम और सड़कों का हाल जरूर जान लें। इस वक्त प्रदेश के ज्यादातर इलाके आफत की बारिश से हलकान हैं। बीती रात शास्त्रीनगर खाला कांवली में नाले के उफान पर आने से सैकड़ों घरों में पानी घुस गया। गांधी ग्राम में पुश्ता टूटने से आसपास के घरों को खतरा पैदा हो गया है। नदियों के उफान पर आने से लोगों ने पूरी रात दहशत में गुजरी। रुद्रप्रयाग के सिरोहबगड़ में भारी मलबा आने से हाईवे बंद हो गया और उक्त मलबे में कई वाहन फंस गए। चंपावत-पिथौरागढ़ हाईवे पर भी मलबा आने से एक कार मलबे के बीच फंस गई। यात्रियों ने भागकर जान बचाई। आज तड़के बदरीनाथ की ऊंची चोटियों पर दूसरी बार और मुनस्यारी में सीजन की तीसरी बर्फबारी हुई है। जिससे आसपास के इलाकों में ठिठुरन बढ़ गई है।