गढ़वाल: भालू पकड़ने गई टीम पर भालू ने ही किया हमला, गोली मारकर लेनी पड़ी जान

जोशीमठ में खूंखार भालू को पकड़ने गई टीम पर भालू ने किया हमला, जिसके बाद वनकर्मियों ने अपनी जान की सुरक्षा के कारण भालू पर गोली चलाई, जिसमें उसकी मौत हो गई
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Joshimath bear: Van vibhag team shoots bear in joshimath
Image: Van vibhag team shoots bear in joshimath

चमोली: पहाड़ में जंगली जानवर अक्सर परेशानी का सबब बन जाते हैं. कभी स्थानीय लोगों पर ये जानवर जानलेवा हमले कर रहे हैं, तो कभी खेत में घुसकर ही फसलें बर्बाद कर देते हैं. उधर चमोली जिले की जोशीमठ क्षेत्र में सिंहद्वार के पास एक भालू ने आतंक मचा रखा था. आपको जानकर हैरानी होगी कि बीते एक महीने में भालू ने पांच लोगों पर हमला कर उन्हें बुरी तरह घायल किया है। भालू ने जोशीमठ नगर क्षेत्र के कई वार्डों में दर्जनों पालतू पशुओं पर भी हमला करके उन्हें घायल कर दिया। बता दें की जोशीमठ क्षेत्र में सिंहद्वार के पास एक भालू ने बीते कई दिनों से आतंक मचा रखा था। बीते कुछ दिन पहले भी ज्योर्तिमठ के ठीक ऊपर घास काटने गई महिला पर भालू ने हमला कर बुरी तरह घायल कर दिया था, जिसके बाद भालू द्वारा लोगों पर हमला करने की घटनाओ को गंभीरता से लेते हुए वन विभाग की रेस्क्यू टीम ने भालू को पकड़ने के लिए एक विशेष टीम गठित कर दी थी. आगे पढ़िए

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देर रात लोगों की शिकायत के बाद वन विभाग का 15 सदस्यीय दल भालू को पकड़ने के लिए जोशीमठ नगर क्षेत्र में गश्त के लिए निकला। इस दौरान टीम को सिंहद्वार क्षेत्र में भालू की मौजूदगी की सूचना मिली. आबादी क्षेत्र में भालू के होने की सूचना मिलते ही भालू को पकड़ने के लिए गश्त पर निकली वन विभाग की टीम पूरी तैयारी के साथ मौके पर पहुंच गई। टीम ने वहां पहुंचकर सतर्कता से भालू के छिपने के स्थान का पता लगाया और भालू को बेहोश करने की कोशिश करते हुए जाल फेंककर उसे काबू में लेने की कोशिश की लेकिन जंगली भालू ने वन विभाग की टीम पर हमला कर दिया. ऐसे में टीम ने अपना बचाव करते हुए भालू पर फायरिंग कर दी। बता दें कि इस मामले में वन विभाग ने एक बयान जारी करते हुए बताया कि वनकर्मियों ने अपनी जान का बचाव करते हुए सुरक्षा कारणों से भालू पर गोली चलाई, जिसमें उसकी मौके पर ही मौत हो गई. वहीं डीएफओ ने बताया कि मारा गया भालू मादा है। भालू का चार कुंटल के लगभग वजन है, और भालू के पोस्टर्माटम की कार्यवाही शुरू कर दी गई है. वहीँ भालू के मारे जाने से स्थानीय लोगों ने रहत की साँस ली है.