उत्तराखंड: आयुष्मान योजना का सर्वर हुआ डाउन, मरीज हुए परेशान..कैसे मिलेगा फ्री इलाज?

हल्द्वानी के बेस अस्पताल में आयुष्मान योजना का सर्वर डाउन (Server down of Ayushman Yojana), कई दिनों से इलाज के इंतजार में मरीज हुए परेशान
Advertisement Best Hidden Treks in Kedar Himalaya for True Mountain Lovers

A chance to reconnect with nature and inner peace. Treks in Kedar Himalaya that stay with you for a lifetime.

Example Ads Media
Ayushman Yojana Server Down: Server down of Ayushman Yojana in Haldwani
Image: Server down of Ayushman Yojana in Haldwani

हल्द्वानी: आयुष्मान योजना (Server down of Ayushman Yojana) का प्रचार प्रसार वैसे तो उत्तराखंड सरकार जोरों शोरों से कर रही है मगर असलियत तो कुछ और ही बयां कर रही है। सरकार कह रही है कि गरीबों को मुफ्त में इलाज मिलेगा मगर यहां पर तो आयुष्मान योजना का ऑनलाइन सरवर ही डाउन चल रहा है जिस वजह से मरीजों को भारी दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है। स्वास्थ्य विभाग की लाख कोशिशों के बाद भी मरीजों को बेहतर इलाज नहीं मिल पा रहा है। कभी डॉक्टर की कमी हो जा रही है तो कभी सरवर की खराबी जिसका खामियाजा गरीब लोगों को भुगतना पड़ रहा है। बेस अस्पताल में आने वाले मरीजों को आयुष्मान कार्ड के माध्यम से मिलने वाले मुफ्त इलाज की सुविधा ही नहीं मिल पा रही हैं और जो लोग दूर-दराज के क्षेत्रों से आए हैं उनको भी भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। बता दें कि मरीजों के कार्ड ऑनलाइन पोर्टल पर रजिस्टर नहीं हो पा रहे हैं। देहरादून से आयुष्मान योजना का ऑनलाइन सर्वर डाउन होना इसकी वजह बताया जा रहा है।

यह भी पढ़ें - उत्तराखंड: खचाखच भीड़ से बढ़ी रेल यात्रियों की मुश्किल, संपर्क क्रांति के कोच भी घटाए गए
मरीज पैथोलॉजी, रेडियोलॉजी, जांच और ऑपरेशन आदि के लिए लंबे समय से इंतजार कर रहे हैं। कुछ मरीज पिछले कई दिनों से अस्पताल में इलाज शुरू होने का इंतजार कर रहे हैं। आयुष्मान कार्ड के काम को देख रहे कर्मचारियों का कहना है कि वह मरीजों के नाम और कार्ड नंबर नोट कर रहे हैं। अगर सर्वर काम करने लगेगा तो मरीजों को सूचित किया जाएगा। बेस अस्पताल में सोमवार को सात ऐसे मरीज इमरजेंसी एवं वार्ड में लेटे थे। सिमलखेत अल्मोड़ा निवासी हयात राम ने बताया कि वे तीन दिन से इलाज की उम्मीद में यहां लेटे हैं।आयुष्मान कार्ड के काम नहीं करने से इलाज नहीं हो पा रहा है। नई बस्ती निवासी इस्तेखार हर्नियां से पीड़ित हैं। उन्होंने बताया कि इलाज कराने के लिए रविवार को अस्पताल में भर्ती हुए थे। आयुष्मान कार्ड (Server down of Ayushman Yojana) नहीं चलने से उनका ऑपरेशन नहीं हो पा रहा है।मोटाहल्दू निवासी हेमा गंभीर रूप बीमार है। वे बीते रविवार से बेस अस्पताल की इमरजेंसी के बेड नंबर 3 पर लेटी हैं। उनकी मां पुष्पा ने बताया कि कार्ड नहीं चलने के चलते इलाज शुरू नहीं हो पा रहा है। हल्द्वानी के बेस अस्पताल में ऐसे कई मरीज मौजूद है जिनका आयुष्मान कार्ड होने के बाद भी इलाज शुरू नहीं हो पा रहा है।