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प्रकृति, शांति और हिमालय – केदार के गुप्त ट्रेक्स.. यहां कदम रखते ही बदल जाती है सांस और सोच – Hidden Kedar Trails
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देहरादून: बीजेपी ने विधानसभा चुनाव के लिए प्रत्याशियों की लिस्ट जारी करते वक्त नए चेहरों को तरजीह दी। इस बार जहां 10 सीटिंग विधायकों का टिकट कटा तो वहीं पार्टी ने 21 नए चेहरों पर दांव लगाया है। इनमें देहरादून के पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष रामशरण नौटियाल भी शामिल हैं। रामशरण नौटियाल जाने-माने बॉलीवुड गायक जुबिन नौटियाल के पिता हैं। बीजेपी ने उन्हें चकराता विधानसभा सीट से चुनाव मैदान में उतारा है। रामशरण नौटियाल के आने से चकराता सीट पर रोचक मुकाबला देखने को मिल सकता है। जुबिन उन गायकों में शामिल हैं, जिन्होंने खुद को बॉलीवुड में स्थापित करने के लिए कड़ी मेहनत की है। इस समय वह हर संगीत कंपनी व संगीतकार की पहली पसंद बने हुए हैं। साथ ही युवा प्रशंसकों का एक बहुत बड़ा वर्ग जुबिन को पसंद करता है और बेसब्री से उनके नए गीतों का इंतजार करता है। जुबिन जहां इस समय स्टारडम की सीढ़ियां चढ़ रहे हैं तो वहीं उनके पिता राजनीतिक रूप से अपनी दूसरी पारी की शुरुआत कर रहे हैं। आगे पढ़िए
बेटे जुबिन की लोकप्रियता उनके पिता रामशरण नौटियाल के लिए फायदेमंद साबित हो सकती है। हाल ही में उन्होंने जुबिन के साथ सीएम पुष्कर सिंह धामी से मुलाकात की थी। जिसके बाद सीएम धामी ने चकराता टाउन के विकास के लिए दो करोड़ रुपये की टोकन मनी जारी करने की घोषणा की थी। 1997 के दौर में देहरादून से जिला पंचायत अध्यक्ष रहे रामशरण नौटियाल चकराता में नवीन टाउनशिप को लेकर लगातार मुखर रहे हैं। देहरादून से कालसी तक रेल लाइन सर्वे मसला हो या फिर चकराता में डिग्री कॉलेज की मांग। इन सब के लिए उन्होंने अपने जिला पंचायत अध्यक्ष कार्यकाल में प्रस्ताव पारित कर राजनीतिक बढ़त ली थी, हालांकि उनका सफर तेज रफ्तार से आगे नहीं बढ़ सका। इधर चुनाव करीब आए तो जुबिन भी सोशल मीडिया पर सक्रिय होकर पिता के कामों को गिनवाने लगे। राजनीतिक गलियारों में जुबिन की खूब चर्चा हो रही है। माना जा रहा था कि पिता को टिकट मिलने के बाद जुबिन बीजेपी के स्टार प्रचारक बनेंगे, हालांकि उन्होंने साफ कर दिया है कि वह केवल अपने पिता के लिए ही प्रचार करेंगे।