उत्तराखंड में दलित दूल्हे को घोड़े से उतरवाया गया? PM मोदी तक पहुंची शिकायत

अल्मोड़ा- सवर्णों पर दलित दूल्हे को घोड़ी से नीचे उतार कर बत्तमीजी करने का आरोप, पीएम मोदी से करदी शिकायत
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ALMORA DALIT GROOM NEWS: Dalit grooms procession stopped in Almora Salt
Image: Dalit grooms procession stopped in Almora Salt

अल्मोड़ा: कहने को तो हम 21वीं सदी में रहते हैं, एडवांस टेक्नोलॉजी के बीच जीते हैं मगर सोच हमारी आज भी बेहद पुरानी और पिछड़ी हुई है। समाज में सोचने का तरीका अभी नहीं बदला है। यहां पर अभी लोगों के बीच भेदभाव की भावना पल रही है। समानता के इस दौर में अब भी ग्रामीण परिवेश में जातीय विभाजन को बेहद महत्वता दी जाती है और यहां पर अभी भी सवर्णों और दलितों के बीच में भेदभाव जारी है।

Dalit grooms procession stopped in Almora Salt

अल्मोड़ा में भी जातीय भेदभाव का एक ऐसा ही शर्मनाक मामला सामने आया है। यहां पर एक गांव के कुछ सवर्ण जाति के लोगों के ऊपर अनुसूचित जाति के दूल्हे को बारात के दौरान घोड़े से उतारने और जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगा है। दूल्हे के पिता ने इस पूरे मामले में अल्मोड़ा डीएम, एससी एसटी आयोग, राज्यपाल से लेकर पीएम मोदी तक से शिकायत कर दी है। जी हां, उन्होंने बताया कि वे अनुसूचित जाति से संबंध रखते हैं और उनकी जाति को नीचा दिखाने के लिए गांव के ही कुछ सवर्ण जाति के लोगों ने उनके ऊपर दादागिरी की और उनके बेटे को शादी के दौरान घोड़े से नीचे उतार दिया।

दरअसल जिले के सल्ट तहसील के ग्राम थला तड़ियाल के निवासी दर्शन लाल का कहना है कि उनके पुत्र विक्रम कुमार का बीती 2 मई को विवाह था। उनका आरोप है कि बारात प्रस्थान के वक्त लगभग 4:30 बजे कुछ सवर्ण जाति की महिलाओं और और पुरुषों ने दूल्हे को अनुसूचित जाति का होने के कारण घोड़ी से जबरन नीचे उतारा और बारात को रोकने की कोशिश की। केवल यही नहीं उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि उन सब लोगों द्वारा जातिसूचक शब्दों का इस्तेमाल कर उनको नीचा दिखाया गया और यह धमकी दी गई कि अगर बारात को रोका नहीं गया तो सभी बारातियों को जान से मार दिया जाएगा। बारात रोकने के वक्त वहां मौजूद अधिकांश महिलाओं ने कहा कि उनकी किस्मत अच्छी है क्योंकि अधिकांश पुरुष वर्ग अभी घर पर नहीं हैं नहीं तो उन को जिंदा जला दिया जाता। इस पूरे मामले में दर्शन लाल ने एसडीएम, अल्मोड़ा डीएम, एसटी एससी आयोग, उत्तराखंड राज्यपाल से लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तक को शिकायती पत्र भेजकर आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्यवाही की मांग की है। वहीं सल्ट तहसील के प्रभारी नायब तहसीलदार दीवान गिरी गोस्वामी का कहना है कि मामला उनके संज्ञान में है। एसडीएम के निर्देश पर राजस्व उपनिरीक्षक को जांच के लिए गांव भेज दिया गया है। जांच-पड़ताल के बाद जो भी इस पूरे मामले में आरोपी पाया जाएगा उसके ऊपर कार्यवाही की जाएगी।