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जहां आज भी सिर्फ चरवाहे जाते हैं – केदार हिमालय के अनदेखे ट्रेक्स
प्रकृति, शांति और हिमालय – केदार के गुप्त ट्रेक्स.. यहां कदम रखते ही बदल जाती है सांस और सोच – Hidden Kedar Trails
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खटीमा: बीते दिन यूपीएससी का रिजल्ट आया और रुद्रपुर निवासी गरिमा नागपाल ने यूपीएससी 2021-22 की परीक्षा में आल इंडिया रैंक 304 लाकर जिले का नाम रोशन किया है।
गरिमा ने बिना किसी कोचिंग का सहारा लिए सेल्फ स्टडी पर फोकस कर तीसरे प्रयास में सफलता प्राप्त की है। डेयरी विभाग में कार्यरत रुद्रपुर के डा. पीएस नागपाल की पुत्री गरिमा नागपाल (Garima Nagpal) ने यूपीएससी 2021-22 की परीक्षा में आल इंडिया रैंक 304 लाकर जिले का नाम रोशन किया है। गरिमा ने बिना किसी कोचिंग का सहारा लिए सेल्फ स्टडी कर तीसरे कड़े प्रयास में सफलता प्राप्त की है। इससे पहले पिछले साल यूपीपीसीएस में गरिमा ने बाजी मारी थी, जिसमें उन्हें नायब तहसीलदार का पोस्ट मिला था। गरिमा मूल रूप से गदरपुर के ग्राम करतापुर निवासी हैं। उनके पिता डा. पीएस नागपाल खटीमा दुग्ध समिति में बतौर मैनेजर पद पर कार्यरत हैं। छोटा बेटा मयंक नागपाल इंजीनियरिंग की पढ़ाई कर रहा है, जबकि बेटी गरिमा ने बीएएलएलबी की पढ़ाई डा राम मनोहर लोहिया विवि लखनऊ से पूरी करने के बाद सिविल सर्विसेज एक्जाम क्रैक करने की ठानी।
गरिमा ने बताया कि रोजाना वह सात से आठ घंटे पढ़ाई करती थीं, उसमें भी कोई निश्चित समय नहीं था। बस जब पढ़ाई करती थी तो पूरा ध्यान केंद्रित करते हुए पढ़ती थीं। गरिमा ने स्कूलिंग रुद्रपुर के आरएएन पब्लिक स्कूल से पूरी की। इसके बाद बीएएएलएलबी करने के लिए लखनऊ चली गई। उन्होंने बताया कि ग्रैजुएशन के बाद तैयारी करने के लिए वे दिल्ली चली गई थीं लेकिन दो माह के बाद स्वास्थ्य खराब होने पर उन्हें वापस लौटना पड़ा। वर्ष, 2019 में व 2021 में गरिमा ने यूपीएससी की परीक्षा दी और मेन्स में चार-पांच नंबरों से रुक गया। इसके बाद भी उन्हानें हार नहीं माना। इस बार परीक्षा का परिणाम आया तो परिवार के लोगों में जश्न का माहौल पसर गया। गरिमा ने उनकी सफलता का श्रेय उनके माता पिता और भाई को दिया है।