Advertisement
हजारों वर्षों से जलती अखंड ज्योति के सामने सात फेरे - आस्था, परंपरा और प्रकृति का अनोखा संगम
पहाड़, मंत्र और देवभूमि का आशीर्वाद.. त्रियुगीनारायण में शादी सिर्फ एक समारोह नहीं, आध्यात्मिक अनुभव है।
Example Ads Media
देहरादून: उत्तराखंड से एक अच्छी खबर सामने आ रही है। यहां के मैदानी जिलों में दो सैनिक स्कूल चिह्नित करने के बाद अब सरकार पर्वतीय क्षेत्रों में भी दो स्कूलों के प्रस्ताव को तैयार कर रही है।
जी हां, नौ सितंबर की कैबिनेट बैठक में इस बाबत निर्णय किया जा चुका है। शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत के निर्देश पर शिक्षा विभाग ने सैनिक स्कूलों के लिए भूमि और भवन चिह्नित करना शुरू किया है। इसमें एक स्कूल गढ़वाल मंडल तो दूसरा कुमाऊं मंडल में प्रस्तावित है। दरअसल युवाओं को आर्मी में जाने का प्रशिक्षण देने के लिए और उनको शरीरिक एवं मानसिक रूप से तैयार करने के लिए सरकार की देश भर में सौ नए सैनिक स्कूल खोलने की योजना के तहत उत्तराखंड ने भी दो स्कूल चिह्नित किए हैं। इनमें गढ़वाल मंडल में देहरादून का राजीव नवोदय विद्यालय है। जबकि कुमाऊं मंडल में रुद्रपुर का एएन झा इंटर कालेज को चुना गया है। दोनों स्कूल मैदानी जिलों में बनाने के प्रस्ताव पर सवाल उठ रहे थे। अब सरकार ने भूमि की उपलब्धता के आधार पर पहाड़ी जिलों में भी 2 सैनिक स्कूल खोलने का निर्णय लिया है। इनका प्रस्ताव तैयार कर केंद्र सरकार को भेजा जाएगा।