उत्तराखंड में डॉक्टर की घिनौनी हरकत! इलाज के लिए आई छात्रा से की अश्लीलता..हुआ गिरफ्तार

पीड़ित छात्रा इलाज के लिए आई थी, लेकिन डॉक्टर ने छात्रा संग ऐसी घिनौनी हरकत की, जिसने डॉक्टरी के पेशे और इंसानियत दोनों को शर्मसार कर दिया।
Advertisement Cheapest Chardham Yatra 2026 Package? The Price Will Shock You!

Planning Chardham in 2026? These 5 Packages Are Getting Booked Fast

Example Ads Media
pantnagar doctor durgesh kumar: pantnagar doctor durgesh kumar misdeed case uttarakhand
Image: pantnagar doctor durgesh kumar misdeed case uttarakhand

उधमसिंह नगर: पंतनगर यूनिवर्सिटी की गिनती देश के सबसे प्रतिष्ठित संस्थानों में होती है, लेकिन बीते दिनों यहां के अस्पताल में तैनात एक डॉक्टर ने छात्रा संग ऐसी घिनौनी हरकत की, जिसने डॉक्टरी के पेशे और इंसानियत को शर्मसार कर दिया।

pantnagar doctor durgesh kumar misdeed case

पीड़ित छात्रा पेट दर्द की शिकायत होने पर डॉक्टर को दिखाने आई थी, लेकिन डॉक्टर ने उसका उत्पीड़न किया। उसके साथ छेड़छाड़ और दुष्कर्म किया। पीड़ित ने अब आरोपी डॉक्टर के खिलाफ केस दर्ज कराया है। शिकायत मिलने पर पुलिस ने चिकित्साधिकारी पर छेड़छाड़ और दुष्कर्म का केस दर्ज कर लिया है। छात्रा ने चिकित्साधिकारी डॉक्टर दुर्गेश कुमार पर पांच दिसंबर को उत्पीड़न का आरोप लगाते हुए शिकायती पत्र सौंपा था। जिसमें कमेटी द्वारा जांच की गई। सोमवार देर शाम पुलिस ने यौन शोषण के आरोपी डॉक्टर को गिरफ्तार कर लिया। मामला गोविंद बल्लभ पंत कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय से जुड़ा है। यहां पढ़ने वाली छात्रा ने चिकित्साधिकारी डॉक्टर दुर्गेश कुमार पर पांच दिसंबर को उत्पीड़न करने का आरोप लगाया है।

पीड़िता का कहना था कि 5 दिसंबर 2022 को उसकी हालत ठीक नहीं थी और बीपी लो था। साथ ही थायराइड बढ़ गया था। अपच की समस्या होने के कारण पेट में दर्द था। इसलिए वह विश्वविद्यालय अस्पताल पंतनगर गई थी। वहां आरोपी डॉक्टर ने उसके साथ छेड़छाड़ की। विरोध करने पर जिंदगी बर्बाद करने की धमकी भी दी। घटना के एक हफ्ते बाद कहीं जाकर पुलिस ने आरोपी डॉक्टर के खिलाफ दुष्कर्म, छेड़छाड़ व जान से मारने की धमकी की प्राथमिकी दर्ज की। सोमवार सुबह विश्वविद्यालय के सैकड़ों छात्र-छात्राओं ने आरोपी की गिरफ्तारी की मांग को लेकर विवि के गेट पर धरना-प्रदर्शन किया। महाविद्याल स्तर की कमेटी की जांच में भी चिकित्साधिकारी डॉ. दुर्गेश कुमार को दोषी पाया गया था। जिसके बाद चिकित्साधिकारी को निलंबित कर दिया गया था। बहरहाल छात्रा की शिकायत पर आरोपी के खिलाफ धारा 376, 376(2)(ड), 376(2)(च), 354 व 506 के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। आरोपी को गिरफ्तार कर दिया गया है।