पहाड़ में क्या रखा है? इसका जवाब दीपक से पूछिए, जो जैविक खेती से लाखों कमा रहा है

पहाड़ों से पलायन करने वाले ज़रा ये पढ़िए,जैविक खेती से दीपक कमा रहे हैं लाखों रुपए। पढ़िए उनकी कहानी
Advertisement जहां आज भी सिर्फ चरवाहे जाते हैं – केदार हिमालय के अनदेखे ट्रेक्स

प्रकृति, शांति और हिमालय – केदार के गुप्त ट्रेक्स.. यहां कदम रखते ही बदल जाती है सांस और सोच – Hidden Kedar Trails

Example Ads Media
bageshwar deepak gariya organic farming: Bageshwar Deepak Gariya Organic Farming Earnings
Image: Bageshwar Deepak Gariya Organic Farming Earnings

बागेश्वर: शहरों में गांव से अधिक पैसा मिलता है इस धारणा को उत्तराखंड के कई महत्वकांक्षी लोग गलत साबित कर चुके हैं। पलायन करके जितने लोग शहर जा रहे हैं उनको यह अंदाजा तक नहीं है कि गांव में रहकर वे शहर से भी अधिक कमाई कर सकते हैं।

Bageshwar Deepak Gadia Organic Farming

उत्तराखंड के बागेश्वर के रहने वाले दीपक गढ़िया ने रिवर्स पलायन कर लोगों को साबित कर दिया है कि अपनी देवभूमि पर स्वरोजगार करना कितना फायदेमंद है। वे लीज पर ली हुई जमीनों पर सब्जियां, मशरूम और फूलों की खेती कर लाखों की कमाई कर रहे हैं। दीपक बताते हैं कि शुरुआत में उन्हें भी काफी कठिनाईयां आईं, लेकिन आज वह अपने व्यवसाय को काफी आगे बढ़ा चुके हैं। दीपक गढ़िया इन दिनों क्षेत्र में लोगों के लिए चर्चा का विषय बने हुए हैं। दरअसल, दीपक ने गांवों से जो लोग पलायन कर चुके हैं, उनकी जमीनों को लीज पर लेकर ऑर्गेनिक खेती कर रहे हैं।

दीपक गढ़िया लीज पर ली हुई जमीनों पर सब्जियां, मशरूम और फूलों की खेती कर लाखों की कमाई कर रहे हैं। दीपक बताते हैं कि सफर आसान नहीं था। रास्ते में लाखों मुश्किलें आईं। शुरुआत में उन्हें भी काफी कठिनाईयां आईं, लेकिन आज वह अपने व्यवसाय को काफी आगे बढ़ा चुके हैं। इसमें उनके छोटे भाई साथ दे रहे हैं। दीपक मुताबिक मशरूम, ऑर्गेनिक सब्जियां, स्टीविया सहित लिलियम फूल की खेती कर रहे हैं और इन सभी की बाजार में काफी भारी डिमांड है। बागेश्वर के दीपक का कहना है कि पलायन करके लोग अपनी मिट्टी और अपने लोगों से दूर जा रहे हैं। इससे बेहतर है कि अपने गांव में रहकर ही कोई स्वरोजगार शुरू करिए जिससे आप न केवल आर्थिक तौर पर मजबूत बन पाएंगे बल्कि अपनी मिट्टी में रहकर अपने लोगों के बीच सन्तुष्ट रहकर जीवन व्यापन कर सकेंगे।