Advertisement
No reels. No crowds. Just Kedar Himalaya - This trek doesn’t want to be famous..
Alpine meadows, dense forests, and snow-capped peaks in one journey. Suitable for both beginner and experienced trekkers.
Example Ads Media
चमोली: बकरीद के अवसर पर जहां देश भर में लोग जश्न मना रहे हैं तो वहीं उत्तराखंड के प्रसिद्ध तीर्थस्थान बदरीनाथ में पंडा समाज व तीर्थ पुरोहितों ने कहा है कि यहां ईद-उल-अजहा (बकरीद) की नमाज पढी गई तो इसका विरोध किया जायेगा।
मंगलवार को यहां पंडा समाज व तीर्थ पुरोहितों ने बैठक कर अपनी बात पुलिस के सामने रखी। अगर किसी भी अन्य समुदाय के लोगों द्वारा बदरीनाथ क्षेत्र या हनुमानचट्टी से ऊपर बकरा ईद संबधित किसी भी तरह का त्योहार मनाया जाता है तो तीर्थ पुरोहितों द्वारा आंदोलन किया जायेगा। उन्होंने कहा कि समुदाय विशेष के लोग इस पर्व को पहले की भांति जोशीमठ जा कर हर्षो उल्लास से मना सकते है। आगे पढ़िए
पंडा समाज की बैठक में शामिल पंडा समाज, तीर्थ पुरोहितों ने कहा बद्रीनाथ धाम में रह रहे समुदाय विशेष के लोगों को सूचित किया गया है कि बकरा ईद पर धाम व हनुमानचट्टी से ऊपर किसी भी प्रकार का कोई आयोजन ना किया जाए। अगर उनके द्वारा इस तरह का कोई भी आयोजन किया जाता है तो हमारे द्वारा धाम में आंदोलन किया जायेगा। ऐसा इसलिए क्योंकि हाल ही में उत्तरकाशी के पुरोला में एक मुस्लिम युवक ने हिंदू लड़की को घर से भगा दिया था। जिसके बाद क्षेत्र में हिंदू समाज में काफी बवाल किया था और कई मुस्लिम परिवारों को घर छोड़ने पर मजबूर कर दिया था। शायद यही वजह है कि बद्रीनाथ में बकरीद के जश्न पर रोक लगा दी गई है।