उत्तराखंड में भूस्खलन से 404 सड़कें बंद, अब तक 12 पुल क्षतिग्रस्त, यहां भूलकर भी न जाएं

Uttarakhand landslide गुरुवार को प्रदेश में 214 सड़कें बंद हुई। इन्हें मिलाकर अब तक 404 मार्ग बंद हैं। वहीं इस साल अब तक 12 पुल क्षतिग्रस्त हुए हैं।
Advertisement No reels. No crowds. Just Kedar Himalaya - This trek doesn’t want to be famous..

Alpine meadows, dense forests, and snow-capped peaks in one journey. Suitable for both beginner and experienced trekkers.

Example Ads Media
Uttarakhand landslide latest update: uttarakhand landslide 404 roads closed 12 bridges damaged
Image: uttarakhand landslide 404 roads closed 12 bridges damaged

रुद्रप्रयाग: उत्तराखंड में अगले चार दिनों तक भारी बारिश होने की आशंका है। पिछले कई दिनों से प्रदेश के सभी जिलों में भारी बारिश हो रही है। भूस्खलन की वजह से प्रदेश में 404 सड़कें बंद हैं।

Uttarakhand landslide 404 roads closed

लोग आफत की बारिश के थमने का इंतजार कर रहे हैं, लेकिन फिलहाल ये इंतजार खत्म होता नहीं दिख रहा। कई दिन से हो रही बारिश के बाद आज राजधानी देहरादून समेत कई जगह धूप खिली है। हालांकि चंपावत, नैनीताल और ऊधमसिंहनगर में आज भी मौसम खराब रहेगा। इन तीनों जिलों के लिए भारी बारिश का रेड अलर्ट जारी किया गया है। 14, 16 और 17 जुलाई को इन जिलों के जिलाधिकारियों को विशेष सावधानी बरतने के निर्देश दिए गए हैं। चलिए सड़कों का हाल भी जान लेते हैं। गुरुवार को प्रदेश में 214 सड़कें बंद हुई। इन्हें मिलाकर अब तक 404 मार्ग बंद हैं। वहीं इस साल अब तक 12 पुल क्षतिग्रस्त हुए हैं, प्रदेश भर में 36 पुल जर्जर हैं।

Uttarakhand landslide 12 bridges damaged

रुद्रप्रयाग जिले में रुद्रप्रयाग-गौरीकुंड राष्ट्रीय राजमार्ग सहित कई राष्ट्रीय और राज्य मार्ग बंद हो गए हैं। टिहरी में कुरीखाल कुई मोटर मार्ग, सौंडी भुटली नैल पवैथ मोटर मार्ग, कारगिल शहीद जगत सिंह के ग्राम कुड्या तक मुख्य मार्ग, गूलर गजा मोटर मार्ग से पावकी देवी इंटर कॉलेज मोटर मार्ग, गौमुख डोभ मोटर मार्ग, क्यार सौड़ मोटर मार्ग सहित कई मार्ग मलबा आने से बंद हैं। चमोली में पोखरी-हरिशंकर मोटर मार्ग बंद है। इसी तरह पौड़ी जिले में बिरसीणीखाल कोटा सिल्सू मोटर मार्ग, नगर मवाधार मोटर मार्ग, तैड़ी बसंतपुर मोटर मार्ग, जाखणी घुडैत मोटर मार्ग, मरगांव कांडा मोटर मार्ग, कोट तल्ला, कोट मल्ला मोटर मार्ग भी मलबा आने से बंद हैं। राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र की ओर से जारी निर्देशों में कहा गया है कि प्रत्येक स्तर पर तत्परता और सुरक्षा बनाए रखी जाए और आवागमन पर नियंत्रण हो। सभी राजस्व उपनिरीक्षक, ग्राम विकास अधिकारी व ग्राम पंचायत अधिकारियों को अपने क्षेत्रों में तैनात रहने के निर्देश दिए गए हैं। अधिकारियों-कर्मचारियों से चेतावनी अवधि में अपने मोबाइल फोन स्विच ऑफ न करने को कहा गया है।