आज उत्तराखंड के 8 जिलों में भारी बारिश का येलो अलर्ट, भूस्खलन का भी खतरा

उत्तराखंड में मानसून ने 5 दिन की देरी से दस्तक दी थी, अब इसकी विदाई में भी देरी होने की संभावना है।
Advertisement जहां आज भी सिर्फ चरवाहे जाते हैं – केदार हिमालय के अनदेखे ट्रेक्स

प्रकृति, शांति और हिमालय – केदार के गुप्त ट्रेक्स.. यहां कदम रखते ही बदल जाती है सांस और सोच – Hidden Kedar Trails

Example Ads Media
Uttarakhand Weather Update 12 September: Uttarakhand Weather Update 12 September
Image: Uttarakhand Weather Update 12 September

: उत्तराखंड में मौसम राहत देता नहीं दिख रहा। आज देहरादून, उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर, अल्मोड़ा, नैनीताल और पिथौरागढ़ जैसे जिलों में भारी बारिश हो सकती है।

Uttarakhand Weather Update 12 September

इसे देखते हुए येलो अलर्ट जारी किया गया है। अन्य जिलों में भी हल्की बारिश हो सकती है, जिससे लोगों की मुश्किलें बढ़ेंगी। उत्तराखंड में मानसून विदाई करीब होने के बावजूद लोगों को खूब परेशान कर रहा है। यहां एक बार फिर से बारिश का दौर शुरू हो गया है। बदरीनाथ-केदारनाथ धाम में सीजन की पहली बर्फबारी हुई, जिससे आस-पास के इलाकों में ठिठुरन बढ़ गई है। निचले इलाकों में भी ठंड का दौर लौट आया है और लोगों को कड़ाके की ठंड का सामना करना पड़ रहा है। आगे पढ़िए।

मैदानी इलाकों मे लगातार जारी बारिश के बाद जलभराव की समस्या पैदा हो गई है, लोग परेशान हैं। भारी बारिश के चलते जगह-जगह भूस्खलन की घटनाएं भी सामने आ रही हैं। मसूरी में देर रात भूस्खलन होने से नेशनल हाईवे 707ए बंद हो गया। हाईवे बंद होने से दर्जनों वाहन रास्ते में ही फंसे हैं। सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लगी है। हाईवे को खोलने के लिए दो जेसीबी मशीन लगाई गई हैं। मौसम विज्ञानियों का कहना है कि इस बार बंगाल की खाड़ी में मजबूत सिस्टम नहीं बना। जिसके चलते राज्य में बारिश कम हुई। इस बार मानसून के देरी से विदा होने की संभावना है, ऐसे में सितंबर में प्रदेश के अधिकतर जिलों में कई दौर की बारिश होने की आशंका हैं। प्रदेश से मानसून 30 सितंबर को विदा लेता है, लेकिन इस बार यह अक्तूबर के पहले सप्ताह में विदा हो सकता है। इस साल मानसून ने प्रदेश में पांच दिन की देरी से दस्तक दी थी।