उत्तराखंड: करोड़ों का चूना लगाने वाला ठग गिरफ्तार, 2311 साइबर अपराधों में था शामिल

टेलीग्राम ग्रुप में पार्ट टाइम नौकरी दिलाने के नाम पर करोड़ों रुपए की ठगी करने वाले साइबर ठग प्रशांत कष्टवाल को ग्वालियर से गिरफ्तार किया गया है...
Advertisement Secret Himalayan Treks Near Kedarnath You’ve Never Heard Of

Trails once used by sages, locals, and shepherds. Ideal for travelers seeking silence over social media fame.

Example Ads Media
cyber thug caught: Cyber thug defrauded crores of rupees arrested
Image: Cyber thug defrauded crores of rupees arrested

देहरादून: टेलीग्राम ग्रुप में पार्ट टाइम नौकरी दिलाने के नाम पर करोड़ों रुपए की ठगी करने वाले साइबर ठग प्रशांत कष्टवाल को ग्वालियर से गिरफ्तार किया गया है। जिसके बाद करीब 8 करोड़ रुपए के घोटाले का भी खुलासा किया गया है।

Cyber thug arrested, was wanted in 2311 cases

गिरफ्तार आरोपी के खिलाफ पूरे देश में 123 केस दर्ज हैं, जबकि वह 2311 अलग-अलग साइबर अपराधों में शामिल है। जिससे हर राज्य की पुलिस को आरोपी की तलाश थी। साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन में देहरादून निवासी एक व्यक्ति ने शिकायत दर्ज कराई थी अज्ञात व्यक्ति द्वारा टेलीग्राम के माध्यम से पहले उससे संपर्क किया गया और फिर पार्ट टाइम नौकरी कर लाभ कमाने की बात कही गई थी। जिसके बाद अज्ञात व्यक्ति ने मोबाइल से पीड़ित से संपर्क कर खुद को इन्फोटेक सॉल्यूशन कंपनी का कर्मचारी बताया और फिर ऑनलाइन गुगल रिव्यू पर रेटिंग कर लाभ कमाने की बात कही और फिर उसे टेलीग्राम ग्रुप में जोड़ा गया। इसके बाद लगातार अलग-अलग कंपनियों के नाम के लिंक भेजकर रेटिंग करने को कहा गया। आगे पढ़िए...

ऐसे करता था साइबर ठगी

रेटिंग से संबंधित टास्क देकर आरोपियों द्वारा फर्जी बेवसाइट तैयार कर खुद को इन्फोटेक सॉल्यूशन कंपनी के कर्मचारी और अधिकारी बताते हुए लोगों को ऑनलाइन नौकरी कर लाभ कमाने की बात कही जाती है और फिर टेलीग्राम ग्रुप में जोड़कर अलग-अलग कंपनियों के नाम के लिंक भेजकर रेटिंग करने संबंधित टास्क देकर लाभ कमाने के नाम पर धोखाधड़ी की जाती है। आरोपियों द्वारा कार्य के लिए फर्जी सिम और आईडी कार्ड का प्रयोग किया जाता है। वहीं, कुछ पीड़ितों से धोखाधड़ी करने के बाद नई सिम, मोबाइल और बैंक खातों का प्रयोग किया जाता है। कमाने के नाम पर अलग-अलग लेन देन के माध्यम से कुल 19,41,900 रुपये अपने खाते में जमा करवाए। एसएसपी एसटीएफ आयुष अग्रवाल ने बताया कि भारत सरकार 4 गृह मंत्रालय के सहयोग से आरोपी से बरामद अलग-अलग बैंक खातों और मोबाइल नंबरों की जांच की गई तो आरोपी की 2311 आपराधिक लिंकेज सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में पाई गई।