देवभूमि उत्तराखंड की वादियों में हर साल लाखों की संख्या में पर्यटक आते हैं लेकिन कई बार देखा गया है कि पर्यटकों द्वारा यहाँ की सुंदरता और स्वछता को बिगाड़ा जाता है। इसी को ध्यान में रखते हुए कुछ सख्त नियम बनाये गए हैं।
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राज्य समीक्षा डेस्क
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Untouched Trekking Routes in Kedar Himalaya, Uttarakhand
Lesser-known treks offering breathtaking Himalayan views. A perfect blend of adventure, solitude, and spirituality.
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Image: Dustbins or Garbage Bags Made Mandatory in Vehicles Entering Uttarakhand
देहरादून: देवभूमि आने वाले पर्यटकों के लिए महत्वपूर्ण जानकारी है। अब उत्तराखंड की सीमा में प्रवेश करने वाले सभी वाहनों में डस्टबिन या कचरा बैग रखना अनिवार्य कर दिया गया है। इस नियम का पालन न करने पर चालान भी काटा जाएगा।
Dustbins or Garbage Bags Made Mandatory in Vehicles Entering Uttarakhand
उत्तराखंड में प्राकृतिक स्वच्छता और सौंदर्य को बनाए रखने के लिए पर्यटकों और यात्रा संचालकों को नई जिम्मेदारियां सौंप दी गई हैं। मुख्य सचिव राधा रतूड़ी की अध्यक्षता में हुई बैठक के दौरान इस दिशा में महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। अब उत्तराखंड में यात्रा करने वाले पर्यटकों और टूर ऑपरेटरों के वाहनों में डस्टबिन या कचरा बैग रखना अनिवार्य होगा। उत्तराखंड परिवहन विभाग ने हाल ही में उत्तर प्रदेश, दिल्ली, हिमाचल प्रदेश, हरियाणा, पंजाब, चंडीगढ़, राजस्थान और मध्य प्रदेश के परिवहन आयुक्तों को सूचित किया है कि चारधाम यात्रा के दौरान राज्य में प्रवेश करने वाले सभी वाहनों में डस्टबिन और कचरा बैग रखना अनिवार्य होगा। यह कदम सड़कों पर कूड़ा फैलने से रोकने के लिए उठाया गया है।
मुख्य सचिव ने नियम का पालन न करने पर दिए चालान के निर्देश
देवभूमि उत्तराखंड में हर साल लाखों लोग पर्यटन और तीर्थ यात्रा के लिए आते हैं, जिससे राज्य की प्राकृतिक स्वच्छता और सुंदरता पर असर पड़ता है। इसी को ध्यान में रखते हुए राज्य सरकार ने अब यात्रा करने वाले पर्यटकों और टूर एंड ट्रैवल्स ऑपरेटर्स के लिए नए दिशा-निर्देश जारी किए हैं। इन निर्देशों के तहत पर्यटकों और टूर ऑपरेटरों को अपने वाहनों में गार्बेज बैग या डस्टबिन रखना अनिवार्य होगा ताकि राज्य की स्वच्छता और प्राकृतिक सुंदरता बनी रहे। जबकि पहले भी ऐसा आदेश दिया गया था लेकिन अब इसे पूरी तरह लागू किया जाएगा। मुख्य सचिव ने निर्देशित किया कि उत्तराखंड में प्रवेश करने वाले वाहनों की जांच की जाए। यदि किसी वाहन में डस्टबिन या कचरा बैग नहीं पाया जाता तो उसका चालान किया जाए।