देहरादून की विकास नगर तहसील में एक राजकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में बच्चों के ऊपर छत का प्लास्टर गिर गया। इससे कई छात्राएं घायल हो गई।
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Image: Roof Plaster fell on students in government school
देहरादून: उत्तराखंड के विकास नगर से एक गंभीर मामला सामने आ रहा है। राजकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय रामपुर कला की कुछ छात्राएं छत का प्लास्टर गिरने से घायल हो गई। इसके बाद डीएम सविन बंसल ने मुख्य शिक्षा अधिकारी और खंड शिक्षा अधिकारी से जवाब तलब कर लिया। डीएम सविन ने पूछा कि समय से स्कूल की मरम्मत क्यों नहीं कराई गई।
Roof Plaster fell on students in government school
देहरादून की विकास नगर तहसील में एक राजकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में बच्चों के ऊपर छत का प्लास्टर गिर गया। इससे कई छात्राएं घायल हो गई। डीएम सविन ने तहसीलदार विकासनगर को छात्राओं के घर भेज कर उनका हाल जाना, छात्राओं के अभिभावकों से भी बात की और हर संभव सहायता और सुरक्षा का भरोसा दिलाया। इसके बाद जिलाधिकारी ने मुख्य शिक्षा अधिकारी और खंड शिक्षा अधिकारी से जवाब तलब कर लिया।
मुख्य शिक्षा अधिकारी और खंड शिक्षा अधिकारी से जवाब तलब
डीएम सविन ने मुख्य शिक्षा अधिकारी और खंड शिक्षा अधिकारी से पूछा कि समय से स्कूल की मरम्मत क्यों नहीं कराई गई। जिलाधिकारी सविन बंसल ने मुख्य शिक्षा अधिकारी और खंड शिक्षा अधिकारी से जवाब तलब करते हुए पूछा कि यदि कक्षा की स्थिति जर्जर है तो बच्चों को दूसरी कक्षा में क्यों नहीं शिफ्ट किया गया। मामले में मुख्य शिक्षा अधिकारी और खंड शिक्षा अधिकारी की लापरवाही साफ़ नजर आ रही है। भवन की जर्जर हालत देखते हुए भी बच्चों को दूसरी जगह शिफ्ट नहीं किया गया।
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पूरे जिले के स्कूलों की होगी जांच
Image: Roof Plaster fell on students in government school
इसके बाद डीएम सविन बंसल ने पूरे जिले के खंड विकास अधिकारी और खंड शिक्षा अधिकारियों को निर्देश दे दिए कि वह सभी अपने-अपने क्षेत्र के स्कूलों की जांच करें। डीएम बंसल ने आदेश दिए कि सभी अधिकारी अपने-अपने क्षेत्र में स्कूलों के जर्जर भवन या मरमत होने की स्थिति की दशा में छात्रों को दूसरी जगह शिफ्ट करें और इस संबंध में प्रमाण पत्र भी प्रस्तुत करें। डीएम ने निर्देश दिए कि स्कूलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही माफ नहीं की जाएगी उन्होंने कहा कि इस प्रकार की घटना दोबारा नहीं होनी चाहिए इसके लिए सर्वेक्षण किया जाए और निर्धारित प्रारूप पर अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए।