ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल परियोजना: 11 km की सुरंग आरपार, अब जल्द पूरा होगा पहाड़ में ट्रेन का सपना

ह सुरंग निर्माण की दृष्टि से अति विषम परिस्थियों में पूर्ण की गई है। क्योंकि यह क्षेत्र निम्न चट्टानीय स्तर का था,जिसमें विस्फोटकों के प्रयोग के माध्यम से कार्य किया जाना संभव नहीं था।
Advertisement No reels. No crowds. Just Kedar Himalaya - This trek doesn’t want to be famous..

Alpine meadows, dense forests, and snow-capped peaks in one journey. Suitable for both beginner and experienced trekkers.

Example Ads Media
Rishikesh-Karnaprayag Rail Project: Rishikesh-Karnprayag Rail Project 11 km tunnel across
Image: Rishikesh-Karnprayag Rail Project 11 km tunnel across

श्रीनगर गढ़वाल: ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल लाइन परियोजना के टनल-एक (पैकेज-एक) का पहला ब्रेकथ्रू एस्केप टनल के पार हो गया है। इसकी लंबाई 5.27 किलोमीटर है। टनल-एक की मुख्य सुरंग तपोवन के नीरगड्डु क्षेत्र से शिवपुरी तक मई के पहले सप्ताह तक पूरी हो जाएगी।

Rishikesh-Karnprayag Rail Project: 11 km tunnel across

शुक्रवार को ब्रेक थ्रू के इस अवसर पर मैक्स इंफ्रा (ई) प्रा. लिमिटेड के सीईओ विक्रम चौहान की उपस्थिति में वरिष्ठ महाप्रबंधक निशीथ शर्मा ने बताया कि ऋषिकेश -कर्णप्रयाग रेल लाइन परियोजना के संदर्भ में यह उपलब्धि अत्यंत महत्वपूर्ण है। पैकेज-एक के तहत इस पूरी सुरंग की लंबाई 10,850 मीटर है। सुरंग के आर पार होने से ऋषिकेश से कर्णप्रयाग तक रेल यात्रा का सपना जल्द ही साकार होता नजर आ रहा है। यह सुरंग निर्माण की दृष्टि से अत्यंत चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में पूरी की गई है, क्योंकि यह क्षेत्र निम्न चट्टानी स्तर का था, जिसमें विस्फोटकों का उपयोग करना संभव नहीं था।

रेल विकास निगम लिमिटेड

इस सुरंग का निर्माण एनएटीएम तकनीक का उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए सावधानीपूर्वक किया गया। यह सुरंग तपोवन के नीरगड्डु क्षेत्र से शिवपुरी तक फैली हुई है। यह उपलब्धि मैक्स इंफ्रा (ई) प्रा. लिमिटेड के खाते में दर्ज की गई। इस अवसर पर रेल विकास निगम लिमिटेड के मुख्य परियोजना प्रबंधक अजीत यादव, परियोजना निदेशक रविकांत और अजय, पैकेज-एक के निदेशक शिवपाल भाटी, साथ ही महाप्रबंधक संजय कुमार और मुख्य प्रबंधक पीएमसी जी. रिनाल्डी सहित सभी अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित थे।