देहरादून में सड़क हादसे में घायल किशोर की मौत के मामले में कथित चिकित्सीय लापरवाही के आरोपों पर कोर्ट के आदेश के बाद पांच डॉक्टरों और अस्पताल संचालक के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
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राज्य समीक्षा डेस्क
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Image: 5 Doctors Booked in Wrong Kidney Surgery Case
देहरादून: देहरादून में सड़क हादसे में घायल एक किशोर की मौत के मामले में इलाज के दौरान कथित चिकित्सीय लापरवाही का मामला सामने आया है। उत्तर प्रदेश के सहारनपुर निवासी पिता की शिकायत पर अदालत के आदेश के बाद नेहरू कॉलोनी थाना पुलिस ने पांच डॉक्टरों और एक अस्पताल संचालक के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
5 Doctors Booked in Wrong Kidney Surgery Case
परिजनों का आरोप है कि हादसे में किशोर के दाएं हाथ और दाएं गुर्दे में चोट लगी थी, लेकिन ऑपरेशन के दौरान बाएं गुर्दे पर शल्यक्रिया कर दी गई, जिससे उसकी हालत बिगड़ती चली गई और बाद में उसकी मौत हो गई। मामले की जांच जारी है और आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही होगी।
2022 में हुआ था सड़क हादसा
अदालती प्रार्थनापत्र के अनुसार, सहारनपुर निवासी मैनपाल के 15 वर्षीय बेटे का 3 जुलाई 2022 को सड़क हादसा हो गया था। हादसे में उसके दाएं हाथ और गुर्दे में गंभीर चोट आई थी। इसके बाद उसे देहरादून के रिस्पना पुल क्षेत्र स्थित एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि अस्पताल में भर्ती करने के बाद कई घंटों तक ऑपरेशन नहीं किया गया। परिजनों द्वारा पूछताछ करने पर कथित रूप से बताया गया कि ऑपरेशन के लिए विशेषज्ञ डॉक्टर बाहर से बुलाए गए हैं।
गलत गुर्दे का ऑपरेशन करने का आरोप
शिकायतकर्ता के अनुसार, 4 जुलाई की रात किशोर के दाएं हाथ का ऑपरेशन किया गया। इसके बाद 5 जुलाई को दाएं गुर्दे की चोट के बजाय कथित रूप से बाएं गुर्दे का ऑपरेशन कर दिया गया। आगे पढ़िए..
परिजनों का कहना है कि ऑपरेशन के बाद किशोर की तबीयत लगातार बिगड़ती गई। उन्होंने अस्पताल से डिस्चार्ज करने का अनुरोध किया, लेकिन कथित तौर पर अस्पताल ने तत्काल छुट्टी देने से इनकार कर दिया। आरोप है कि 8 जुलाई को किशोर की हालत गंभीर होने पर उसे दूसरे अस्पताल के लिए रेफर किया गया। वहाँ इलाज के दौरान उसकी मृत्यु हो गई। पीड़ित पिता का कहना है कि उनके बेटे की मौत अस्पताल की कथित लापरवाही के कारण हुई।
चार साल बाद कोर्ट के आदेश पर दर्ज हुआ मुकदमा
परिजनों का आरोप है कि घटना के बाद उन्होंने नेहरू कॉलोनी थाने में शिकायत दर्ज कराई थी, लेकिन लंबे समय तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद उन्होंने अदालत का रुख किया। पंचम अपर सिविल जज भारती मंगलानी ने मामले की सुनवाई के बाद थाना प्रभारी नेहरू कॉलोनी को संबंधित आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने के निर्देश दिए। इसके बाद पुलिस ने पांच डॉक्टरों और अस्पताल संचालक के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस ने कही यह बात
थाना नेहरू कॉलोनी प्रभारी मनोज नौटियाल ने बताया कि अदालत के आदेश का पालन करते हुए संबंधित डॉक्टरों और अस्पताल संचालक के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। मामले की निष्पक्ष जांच की जा रही है और जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।