उत्तराखंड: ऑनलाइन शॉपिंग में स्कैम, Amazon और विक्रेता पर 50 हजार का जुर्माना

अल्मोड़ा के उपभोक्ता को 55 इंच TCL TV की जगह 43 इंच का दूसरा मॉडल भेजने पर जिला उपभोक्ता आयोग ने Amazon India और विक्रेता कंपनी पर 50 हजार रुपये का जुर्माना लगाया। 45 दिनों में रिफंड या सही टीवी देने का आदेश।
Advertisement Untouched Trekking Routes in Kedar Himalaya, Uttarakhand

Lesser-known treks offering breathtaking Himalayan views. A perfect blend of adventure, solitude, and spirituality.

Example Ads Media
Amazon TV Complaint: Amazon Fined Over Wrong TV Delivery
Image: Amazon Fined Over Wrong TV Delivery

अल्मोड़ा: ऑनलाइन शॉपिंग में उपभोक्ताओं के अधिकारों को लेकर जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग ने बड़ा फैसला सुनाया है। आयोग ने ऑनलाइन प्लेटफॉर्म Amazon India Limited और संबंधित विक्रेता कंपनी पर गलत इलेक्ट्रॉनिक उत्पाद भेजने के मामले में 50 हजार रुपये का अर्थदंड लगाया है।

Amazon Fined Over Wrong TV Delivery

आयोग ने दोनों पक्षों को आदेश दिया है कि वे 45 दिनों के भीतर उपभोक्ता को 39,990 रुपये की खरीद राशि वापस करें या उपभोक्ता की सहमति से 55 इंच TCL 4K Ultra HD Smart QLED TV उपलब्ध कराएं।

55 इंच की जगह पहुंचा 43 इंच का टीवी

यह मामला अल्मोड़ा निवासी मृणाल वर्मा द्वारा दायर परिवाद से जुड़ा है। परिवाद के अनुसार, उन्होंने 12 जुलाई 2025 को Amazon से 39,990 रुपये में TCL का 55 इंच Smart QLED TV ऑर्डर किया था। लेकिन 17 जुलाई 2025 को डिलीवरी मिलने पर बॉक्स खोलने पर उसमें ऑर्डर किए गए मॉडल के बजाय VW कंपनी का 43 इंच का टीवी निकला। आगे पढ़िए..

शिकायत के बाद भी नहीं मिला समाधान

उपभोक्ता ने कई बार Amazon और विक्रेता से उत्पाद बदलने तथा धनवापसी की मांग की, लेकिन समस्या का समाधान नहीं हुआ। इसके बाद उन्होंने जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग का दरवाजा खटखटाया।

मानसिक क्षतिपूर्ति और वाद व्यय का भी आदेश

आयोग के अध्यक्ष रमेश कुमार जायसवाल, सदस्य विद्या बिष्ट और सुरेश चंद्र कांडपाल ने इसे उपभोक्ता के साथ अनुचित व्यापारिक व्यवहार माना। आयोग ने आदेश दिया कि 39,990 रुपये वापस किए जाएं या सही मॉडल का टीवी उपलब्ध कराया जाए। 20,000 रुपये मानसिक क्षतिपूर्ति के रूप में दिए जाएं। 10,000 रुपये वाद व्यय (Litigation Cost) के रूप में दिए जाएं। इसके अतिरिक्त 50,000 रुपये का अर्थदंड आयोग के कार्यालय में जमा कराया जाए।

आदेश का पालन नहीं करने पर देना होगा ब्याज

आयोग ने स्पष्ट किया है कि यदि आदेश का निर्धारित समय में पालन नहीं किया गया, तो उपभोक्ता को लौटाई जाने वाली 39,990 रुपये की राशि पर 26 सितंबर 2025 से 8 प्रतिशत वार्षिक ब्याज भी देना होगा। यह फैसला ऑनलाइन खरीदारी करने वाले उपभोक्ताओं के अधिकारों की सुरक्षा के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।