Advertisement
भीड़ से दूर, स्वर्ग के सबसे पास – केदार हिमालय के Hidden Treks
बुग्याल, हिमालयी वन और बर्फीली चोटियों का अद्भुत नज़ारा। आध्यात्म, रोमांच और एकांत का अनोखा संगम।
Example Ads Media
देहरादून: साल 2016 में देहरादून को दहला देने वाले गुरुमीत कौर हत्याकांड मामले में कोर्ट ने आरोपी आशीष उर्फ मोनू को दोषी पाते हुए सजा सुना दी है। आशीष उर्फ मोनू पर आरोप सिद्ध होने के बाद कोर्ट ने उसे आजीवन कारावास की सजा सुनाई। अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश चतुर्थ कोर्ट ने दोषी मोनू पर 75 हजार का अर्थदंड भी लगाया है। जुर्माने की रकम में से 50 हजार रुपये की राशि मृतक के पति को दी जाएगी। जुर्माना ना भरने पर मोनू को 5 साल की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी। चलिए अब आपको पूरा मामला बताते हैं। घटना साल 2016 की है। प्रेमनगर थाना क्षेत्र के चाय बगान में गुरुमीत नाम की महिला की धारदार हथियार से गला रेत कर हत्या कर दी गई थी। युवती का शव चाय बागान के पास पड़ा मिला। हत्या का शक आशीष उर्फ मोनू पर था, वो युवती से प्यार करता था। पुलिस को मोनू मसूरी के होटल में मिला, पर वो लहूलुहान था, उसने अपनी कलाई की नस काट ली थी, पर समय पर इलाज मिलने से मोनू की जान बच गई।