धन्य हैं देवभूमि की घसेरी महिलाएं, मौत के मुंह से बचाई महिला की जान..इस जज्बे को सलाम

महिला घर की पुताई के लिए मिट्टी खोद रही थी, इसी दौरान टीला ढह गया और महिला मिट्टी के ढेर तले दबती चली गई...लेकिन धन्य हैं पहाड़ की ये घसियारी महिलाएं
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न्यू टिहरी घसियारी महिलाएं: A woman rescued safely after 2 hours stuck under the debris
Image: A woman rescued safely after 2 hours stuck under the debris

टिहरी गढ़वाल: हम हर साल महिला दिवस मनाते हैं, पर सच तो ये है कि आज भी दुनिया की आधी आबादी को पुरुषों से कमतर आंका जाता है, उन्हें कमजोर समझा जाता है, पर टिहरी में चार महिलाओं ने अपने साहस के दम पर जो किया, वो करने में कई बार प्रशासन और सरकार भी फेल हो जाती है। घटना बगियाल डांग गांव की है। जहां एक महिला घर की पुताई के लिए मिट्टी खोद रही थी। इसी दौरान टीला ढह गया और महिला मिट्टी के ढेर तले दबती चली गई। महिला करीब दो घंटे तक मिट्टी के भीतर दबी रही, उसकी सांसे थमने लगी थीं। इसी दौरान वहां से कुछ घसियारी महिलाएं गुजरीं। ये महिलाएं घास लेने के लिए जंगल जा रही थीं। जैसे ही उन्हें पता चला कि गांव की एक महिला मिट्टी के ढेर तले दब गई है, उन्होंने मदद का इंतजार किए बिना मिट्टी हटाना शुरू कर दिया। चारों महिलाएं कुदाल और हाथों से मिट्टी हटाती रहीं। दो घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आखिरकार घायल महिला को बाहर निकाल लिया गया। बाद में महिलाओं ने 108 एंबुलेंस बुलाई और घायल महिला को अस्पताल भिजवाया। इस तरह घायल महिला की जान बच गई। उसका अस्पताल में इलाज चल रहा है। पूरे गांव में चारों महिलाओं के साहस की तारीफ हो रही है। लोगों ने कहा कि पीड़ित महिला की किस्मत अच्छी थी, जो कि उसे समय रहते मदद मिल गई। चारों महिलाएं अगर मदद के लिए दूसरे लोगों के आने का इंतजार करती रहतीं, तो पीड़ित महिला की जान बच नहीं पाती। महिला दो घंटे तक मिट्टी में दबी रही, पर शुक्र है कि वो अब सुरक्षित है।

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