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Hidden Gem Treks of Kedar Himalaya You Must Explore Once in Life
Peaceful and untouched trekking routes away from the crowds. Hidden trails where nature still remains raw and pure.
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नैनीताल: उत्तराखंड में कोरोना संक्रमण के केसेज की संख्या 4 हो गई है। संक्रमण रोकने के लिए राज्य सरकार ने 31 मार्च तक के लिए लॉकडाउन घोषित किया है। जगह-जगह लोगों और विदेशी पर्यटकों की स्क्रीनिंग की जा रही है, लेकिन कई लोग इसे लेकर अब भी गंभीर नहीं दिख रहे। ऐसा ही एक मामला नैनीताल में सामने आया। जहां नैनीताल के बीडी पांडे जिला अस्पताल में भर्ती दो विदेशी पर्यटक सोमवार को बिना बताए चले गए। खबर फैलते ही अस्पताल प्रबंधन और प्रशासन में खलबली मच गई। हालांकि राहत वाली बात ये है कि कुछ ही देर बाद पुलिस दोनों पर्यटकों तक पहुंच गई। पुलिस ने सैलानियों को मल्लीताल बाजार क्षेत्र से ट्रेस कर वापस अस्पताल पहुंचाया। अब आपको पूरा मामला बताते हैं। बेल्जियम और इजराइल के दो पर्यटक कुछ दिन पहले नैनीताल में कमरा तलाश रहे थे। दोनों को नैनीताल में कहीं रूम नहीं मिला। आगे पढ़िए
बाद में दोनों पर्यटक बीडी पांडे जिला अस्पताल पहुंचे, यहां अपनी जांच कराई। इस दौरान अस्पताल प्रबंधन ने विदेशियों के कोरोना से संबंधित सैंपल लिए और अस्पताल के आइसोलेशन वार्ड में उन्हें भर्ती कर दिया गया। सोमवार तड़के विदेशी पर्यटकों ने छुट्टी की मांग की। अस्पताल प्रशासन ने कहा कि उन्हें 11 बजे छोड़ दिया जाएगा, लेकिन दोपहर 1 बजे तक भी उन्हें छुट्टी नहीं मिल सकी। जिसके बाद दोनों पर्यटक स्टाफ की गैर मौजूदगी में मौका देखकर फरार हो गए। दोनों के गायब होने की खबर फैलते ही अस्पताल में हड़कंप मच गया। बाद में दोनों के मल्लीताल बाजार में दिखने की खबर मिली। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों सैलानियों को समझा-बुझाकर वापस अस्पताल पहुंचाया। अस्पताल प्रशासन ने कहा कि दोनों पर्यटक कोरोना संक्रमित नहीं पाए गए, हालांकि उन्हें एहतियात के तौर पर हल्द्वानी स्थित क्वॉरेंटाइन सेंटर भेजा जा रहा है, ताकि उनके स्वास्थ्य पर नजर रखी जा सके।
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