उत्तराखंड में 3 मई तक लॉकडाउन, 20 अप्रैल से 7 जिलों को मिल सकती है राहत

ये बात तो तय है कि उत्तराखंड में भी 3 मई तक लॉकडाउन बढ़ा दिया गया है। हालांकि इस बीच एक राहत की खबर भी है।
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Coronavirus in Uttarakhand: Uttarakhand lockdown extend 3 may
Image: Uttarakhand lockdown extend 3 may

बागेश्वर: देश के पीएम मोदी ने देश वासियों के नाम संदेश दिया और इसके साथ ही देशभर में 3 मई तक के लिए लॉकडाउन बढ़ा दिया गया। उत्तराखंड भी इससे अछूता नहीं है। लेकिन यहां उत्तराखँड के लिए एक राहत वाली बात सामने आ सकती है। इस वक्त उत्तराखंड के 7 जिले ऐसे हैं, जहां कोरोना का एक भी केस सामने नहीं आया है। हम बात कर रहे हैं रुद्रप्रयाग, चमोली, उत्तरकाशी, टिहरी, पिथौरागढ़, चंपावत और बागेश्वर जिलों की। इन जिलों की रिपोर्ट फिलहाल ठीक नज़र आ रही है और माना जा रहा है कि 20 अप्रैल से इन जिलों में कुछ राहत मिल सकती है। हालांकि ये सब कुछ त्रिवेन्द्र सरकार पर ही निर्भर करता है। दरअसल पीएम मोदी का कहना है कि 20 अप्रैल तक देखा जाएगा कि जिलों और क्षेत्रों में कोरोना की स्थिति क्या है। यानी अगर इन जिलों में आगे भी ऐसी ही बेहतरी देखने को मिलती है, तो इन जिलों को कुछ राहतें मिल सकती हैं। वरना 3 मई तक लॉकडाउन बढ़ा रहेगा। आपको बता दें कि उत्तराखँड में बीते 100 घंटो से कोई कोरोना का नया मामला देखने को नहीं मिला है।

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जिस तेजी के साथ उत्तराखंड में है सरकार और प्रशासन ने मिलकर काम किया तारीफ के काबिल है। लॉक डाउन के तुरंत बाद तबलीगी जमात से जुड़े लोग सामने आने लगे थे। देश के लगभग हर राज्य में हड़कंप मच गया था। उत्तराखंड भी इससे अछूता नहीं रहा और देखा गया है कि उत्तराखंड में जितने भी कोरोना पॉजिटिव के सामने आए हैं उनमें से ज्यादातर तबलीगी जमात से जुड़े लोग ही हैं। ऐसे में उत्तराखंड सरकार के साथ-साथ पुलिस इंटेलिजेंस और सुरक्षा एजेंसियों ने जिस तेजी के साथ जमात से जुड़े लोगों को चिन्हित किया, उससे प्रदेश में इस खतरनाक वायरस के फैलने का खतरा कम हो गया। यह बात भी देखी गई है कि उन जगहों को पूरी तरीके से सील किया गया जहां कोरोना संक्रमण की थोड़ी सी भी संभावना थी। बीच में सरकार द्वारा कुछ बड़े फैसले भी लिए गए, इस बीच जनता ने भी मिसाल कायम की।