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Hidden Gem Treks of Kedar Himalaya You Must Explore Once in Life
Peaceful and untouched trekking routes away from the crowds. Hidden trails where nature still remains raw and pure.
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टिहरी गढ़वाल: उत्तराखंड के टिहरी जिले के दिवंगत युवा कमलेश भट्ट (Late Kamlesh Bhatt) का शव आखिरकार भारत और ऋषिकेश के पूर्णानंद घाट पर उसका अंतिम संस्कार किया गया। 24 अपैल की रात दुबई से कमलेश का शव लेकर कार्गो विमान दिल्ली पहुंचा लेकिन इमीग्रेशन ने शव को उतरने नहीं दिया। विमान शव को लेकर वापस लौट गया। इस वाकये पर हर किसी ने हैरानी जताई। इस बात की जानकारी जब सोशल मीडिया के जरिये दिल्ली हाइकोर्ट के अधिवक्ता ऋतुपर्ण उनियाल को लगी, तो उन्होंने दिवंगत कमलेश के भाई विमलेश से संम्पर्क किया और उनकी ओर से 25 अप्रैल की रात को ही दिल्ली हाइकोर्ट के रजिस्ट्रार जनरल से बात कर लॉकडाउन में याचिका दायर करने की व्यवस्था की। अगले दिन रविवार होने के बावजूद अधिवक्ता ऋतुपर्ण के प्रयासों से कोर्ट में याचिका दाखिल की गई। याचिका में पार्थिव शरीर को भारत लाने के लिए आदेश पारित करने का आग्रह किया गया था। आगे पढ़िए...