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हजारों वर्षों से जलती अखंड ज्योति के सामने सात फेरे - आस्था, परंपरा और प्रकृति का अनोखा संगम
पहाड़, मंत्र और देवभूमि का आशीर्वाद.. त्रियुगीनारायण में शादी सिर्फ एक समारोह नहीं, आध्यात्मिक अनुभव है।
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देहरादून: हिमालयी अंचल के लोग जीवटता और कभी हार ना मानने के जज्बे के लिए जाने जाते हैं। जीवटता और जिंदादिली की ऐसी ही शानदार मिसाल हैं उत्तराखंड के रिटायर्ड कर्नल अजय कोठियाल। कर्नल अजय कोठियाल भले ही सेना से रिटायर हो चुके हैं, लेकिन उनका मिशन देशसेवा अब भी जारी है। कर्नल अजय कोठियाल के नेतृत्व में गठित यूथ फाउंडेशन सेना के लिए जांबाज तैयार करने के काम में जुटा है। कर्नल अजय कोठियाल को एक जांबाज और दिलेर अफसर माना जाता है। इन्हीं खूबियों की वजह से उन्हें कीर्ति चक्र, शौर्य चक्र और विशिष्ट सेवा मेडल से सम्मानित किया जा चुका है। कहते हैं हम सभी में एक न एक प्रतिभा छिपी होती है। यूथ फाउंडेशन इसी प्रतिभा को तराशने का काम कर रहा है। फाउंडेशन के नेतृत्व में भविष्य के फौजी तैयार किए जा रहे हैं। हाल में यूथ फाउंडेशन से ट्रेनिंग लेने वाले 180 कैडेट गढ़वाल राइफल्स का हिस्सा बने।