रविवार को थी छुट्टी, महज एक छोटे से काम के लिए तपोवन में निर्माणाधीन डैम टर्नल में गया रुड़की का युवक आपदा के बाद से लापता हो रखा है। अगले महीने होने वाली थी बड़े भाई की शादी।
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Komal Negi
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Image: Roorkee youth missing in chamoli apda
चमोली: बीते रविवार को चमोली में हुए हादसे के बाद कई परिवारों के चिराग बुझ गए हैं। पलक झपकते ही लोगों की आंखों के सामने सब कुछ तबाह हो गया और यह तबाही का मंजर याद करके अब भी दिल बैठ जाता है। कई लोग लापता भी हो गए हैं। तपोवन क्षेत्र में लापता हुए लोगों को ढूंढने का कार्य युद्धस्तर पर जारी है। इस आपदा में कई लोग अपने जिंदगी गवा चुके हैं तो कई लोग ऐसे हैं जो कि घटनास्थल पर उस समय मौजूद थे। उन्होंने मौत को बेहद करीब से देखा और अब भी लोग लापता हो रखे हैं। उन लोगों की तलाश लगातार रेस्क्यू ऑपरेशन से जारी है। इस आपदा में रुड़की का एक युवक भी लापता हो रखा है। जी हां, रुड़की का युवक पिछले 1 साल से निर्माणाधीन बांध में टर्नल के अंदर जेसीबी चलाने का कार्य करता था। इस आपदा में गुमशुदा हुए रुड़की के निवासी युवक की बीते 7 फरवरी को छुट्टी थी और वह महज एक छोटे से काम के लिए टर्नल में गया था मगर उसे इस बात की भनक तक नहीं थी कि वहां पर ऐसी बड़ी आपदा आने वाली है जो समूचे उत्तराखंड की नींद उड़ा के रख देगी।
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अंजेश के परिजन जब अपने बेटे के बारे में बात करते हैं तो उनकी आंखों में चिंता, पीड़ा और आसूं साफ तौर पर देखे जा सकते हैं। अंजेश पिछले 1 साल से निर्माणाधीन बांध में टर्नल के अंदर जेसीबी चलाता था। इस हादसे के बाद से ही अंजेश लापता हो रखा है और उसका कोई भी सुराग नहीं मिल पाया है। अंजेश रुड़की के सोलहपुर गांव का निवासी है। इस हादसे का शिकार हुए अंजेश के परिजनों का कहना है कि युवक से आखिरी बार उनकी बात 6 फरवरी को हुई थी। युवक ने कहा था कि 7 फरवरी को संडे होने के कारण उसकी छुट्टी है मगर वह कुछ समय के लिए टर्नल में जेसीबी को साइड करने गया था और उसी समय यह बड़ा हादसा हो गया और अंजेश इसका शिकार हो गया। तबसे अंजेश का कोई भी पता नहीं लग पाया है और उसके परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल है। उसके परिजनों का कहना है कि अंजेश तब से लापता हो रखा है और उससे कोई भी संपर्क नहीं हो पाया है।
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अंजेश के परिजनों के ऊपर दुख का पहाड़ टूट पड़ा है। उन्होंने यह सपने में भी नहीं सोचा था कि किस्मत उनको ऐसा दर्दनाक मंजर भी दिखाएगी। उन्होंने बताया कि 14 मार्च को उसके बड़े भाई की शादी होनी थी और घर में खुशियों का माहौल चल रहा था। मगर पलक झपकते ही है खुशियों का माहौल दुख में बदल गया है और सभी लोग बेहद चिंता में आ रखे हैं। अंजेश के परिजन बस यही दुआ कर रहे हैं कि जल्द से जल्द उनका बेटा सही सलामत उनको वापस मिल जाए। बता दें कि जल प्रलय के बाद से ही लगातार रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है और लापता लोगों की तलाश की जा रही है। कुछ लोगों को सुरक्षित तलाश कर उनका रेस्कयू किया जा चुका है तो कई शव बरामद भी हुए हैं। कई लोग अब भी फंसे हुए हैं और उनको निकालने का काम भी जारी है। अब तक मिले अपडेट के अनुसार आपदा में 32 शवों को बरामद कर लिया गया है वहीं 206 लोग लापता हो रखे हैं जिनकी खोजबीन की जा रही है तपोवन सुरंग के अंदर भी 25 से 35 लोग फंसे हुए हैं और उनका रेस्क्यू ऑपरेशन भी चल रहा है।