गढ़वाल: छोटे से गांव की बेटी रुचिता रावत को बधाई..NET परीक्षा में पाई कामयाबी

रुचिता की सफलता कई मायनों में खास है। पहाड़ में रहने वाली इस बेटी को पढ़ाई जारी रखने के लिए बहुत संघर्ष करना पड़ा।
Advertisement Triyuginarayan - World’s Most Divine Wedding Destination

Couples are choosing the sacred land of Lord Shiva’s wedding to begin their own love stories.

Example Ads Media
Chamoli news: Story of ruchita of chamoli
Image: Story of ruchita of chamoli

चमोली: पहाड़ में बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ अभियान का असर दिखने लगा है। बच्चियों की शिक्षा को लेकर माता-पिता सजग हो रहे हैं। बेटियां भी माता-पिता और गुरुजनों के विश्वास पर खरी उतरते हुए सफलता के नए पायदान चढ़ रही हैं। आपदाग्रस्त चमोली की रुचिता रावत ऐसी ही होनहार बेटियों में से एक हैं। नेट परीक्षा में सफलता हासिल करने वाली रुचिता रावत पहाड़ की दूसरी बेटियों के लिए मिसाल बन गई है। रुचिता की सफलता कई मायनों में खास है। चमोली के सुदूर गांव कठूड़ में रहने वाली रुचिता ने अपनी शिक्षा सरकारी स्कूल से हासिल की। उनकी शुरुआती पढ़ाई कठूड़ के सरकारी स्कूल में हुई। पढ़ाई में हमेशा अव्वल रहने वाली रुचिता ने बाद में राजकीय इंटर कॉलेज टंगसा से इंटर तक की शिक्षा हासिल की। आगे की पढ़ाई के लिए उन्होंने गोपेश्वर के पीजी कॉलेज में एडमिशन लिया।

यह भी पढ़ें - उत्तराखंड: भांजे की शादी से लौट रहा था परिवार..भीषण हादसे में 4 लोगों की हुई मौत
उन्होंने वनस्पति विज्ञान विषय में नेट परीक्षा पास कर क्षेत्र का मान बढ़ाया है। रुचिता इस वक्त पीएचडी के लिए संघर्ष कर रही हैं। पढ़ाई जारी रखने के लिए दूसरी पहाड़ी बच्चियों की तरह रुचिता को भी बहुत संघर्ष करना पड़ा, लेकिन वो हारी नहीं। खुद को टूटने भी नहीं दिया। रुचिता के मामा बलवीर रौतेला ने बताया कि रुचिता बड़े-बुजुर्गों की सेवा के साथ पढ़ाई को लेकर भी हमेशा गंभीर रही। वो लगातार मेहनत कर रही हैं, और शिक्षा के क्षेत्र में नए मुकाम हासिल कर रही हैं। रुचिता की सफलता से क्षेत्र में हर्ष का माहौल है। गुरुजनों और ग्रामीणों ने भी रुचिता को बधाई देते हुए उन्हें उज्जवल भविष्य के लिए शुभकामनाएं दीं।