खैलोनी गांव में हर तरफ तबाही के निशान नजर आ रहे हैं। फिलहाल किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है, लेकिन बारिश से यहां भारी नुकसान हुआ है।
-
Komal Negi
-
Advertisement
Cheapest Chardham Yatra 2026 Package? The Price Will Shock You!
Planning Chardham in 2026? These 5 Packages Are Getting Booked Fast
Example Ads Media
Image: Cloud burst in Khailoni village of Chamoli
चमोली: चमोली में आफत की शक्ल में बरस रही बारिश ने जमकर तबाही मचाई। यहां नारायणबगड़ में बादल फटने से हर तरफ हाहाकार मचा है। मौके से घटना की दिल दहलाने वाली तस्वीरें आई हैं। वहीं आपदा के बाद विधायक मुन्नी देवी शाह भी घटनास्थल का दौरा करने पहुंचीं। विधायक ने कहा कि ऐसी आपदा मैंने कभी नहीं देखी। गांव में हर तरफ तबाही के निशान नजर आ रहे हैं। फिलहाल किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है, लेकिन बारिश से यहां भारी नुकसान हुआ है। घटना खैलोनी गांव की है। रविवार की रात यहां खाखंरधार तोक में बादल फट गया। जिससे लगभग 60 खेत तबाह हो गए। सैलाब के साथ आया मलबा रास्ते में आने वाली हर चीज को साथ बहाता ले गया। कई लोगों के घरों में भी मलबा भर गया। क्षेत्र में इतनी तेज बारिश हो रही थी कि गांव वाले डर के मारे सो नहीं सके। पूरी रात जागकर काटनी पड़ी। बाद में ग्रामीणों ने किसी तरह राजस्व अधिकारियों और विधायक मुन्नी देवी को घटना की सूचना दी।
यह भी पढ़ें - आज उत्तराखंड के 6 जिलों में भारी से भारी बारिश की चेतावनी, बिजली गिरने का भी अलर्ट
जिसके बाद विधायक ने सोमवार को क्षेत्र का दौरा किया और अधिकारियों को नुकसान का आंकलन कर के ग्रामीणों को तुरंत मुआवजा देने के निर्देश दिए। विधायक ने कहा कि गांव में मनरेगा के तहत सुरक्षा दीवारों का निर्माण कराया जाएगा, ताकि भविष्य में बारिश से नुकसान न हो। उत्तराखंड में मानसून दस्तक दे चुका है, इसी के साथ जगह-जगह से तबाही की तस्वीरें भी आने लगी हैं। राज्य में मानसूनी फुहार 18 जून तक लगातार जारी रहेंगी। मौसम विभाग ने राज्य के पर्वतीय जिलों में 17 जून तक भारी बारिश, तीव्र बौछार और गर्जन के साथ बारिश का यलो अलर्ट जारी किया है। आज उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, पिथौरागढ़, नैनीताल में भारी बारिश की संभावना है। उत्तरकाशी, चमोली, रुद्रप्रयाग, देहरादून, नैनीताल, बागेश्वर, चम्पावत, पिथौरागढ़ जैसे जिलों में भूस्खलन, चट्टान गिरने और मलबा आने से सड़कें बंद हो सकती हैं। इसे लेकर शासन ने जिलाधिकारियों को सतर्कता बरतने को कहा है।