उत्तराखंड: 60 साल के बुजुर्ग ने गुलदार से किए दो दो हाथ, दुम दबाकर भागा आदमखोर

गुलदार बुजुर्ग पर लगातार वार करता रहा, उसे लहूलुहान कर दिया, लेकिन बुजुर्ग डटे रहे और गुलदार को खदेड़कर ही दम लिया। इस तरह बुजुर्ग की जान तो बच गई, लेकिन वो गंभीर रूप से घायल हैं। आगे जानिए पूरा मामला
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प्रकृति से जुड़ने और आत्मिक शांति पाने का अवसर। केदार हिमालय की वो यात्राएं जो ज़िंदगी भर याद रहती हैं।

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Pithoragarh news: Pratap ram fought with leopard in pithoragarh
Image: Pratap ram fought with leopard in pithoragarh

पिथौरागढ़: पिथौरागढ़ में जान बचाने के लिए बुजुर्ग शख्स गुलदार से भिड़ गया। गुलदार बुजुर्ग पर लगातार वार करता रहा, उसे लहूलुहान कर दिया, लेकिन बुजुर्ग डटे रहे और गुलदार को खदेड़कर ही दम लिया। किसी तरह बुजुर्ग की जान तो बच गई, लेकिन वो गंभीर रूप से घायल हुए हैं। घायल बुजुर्ग को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। घटना बेरीनाग तहसील की है। यहां से चार किलोमीटर दूर एक गांव है छड़ोली। गांव में 60 साल के प्रताप राम पुत्र फकीर राम परिवार के साथ रहते हैं। गुरुवार दोपहर प्रताप राम रोज की तरह जानवरों को चराने के लिए जंगल गए थे। तभी झाड़ी में छिपे गुलदार ने उन पर हमला कर दिया। अचानक हुए हमले से प्रताप राम बुरी तरह घबरा गए, लेकिन बाद में उन्होंने जान बचाने के लिए गुलदार से लड़ने की ठान ली। प्रताप राम गुलदार से करीब 10 मिनट तक जूझते रहे, उसे खदेड़ने की कोशिश करते रहे।

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इस दौरान प्रताप राम बचाव के लिए जोर-जोर से चिल्ला रहे थे। बुजुर्ग की आवाज सुनकर पास के खेतों में काम कर रही महिलाएं दौड़कर घटनास्थल पर पहुंची। वहां उन्होंने प्रताप को गुलदार से जूझते हुए देखा। महिलाएं हो-हल्ला मचाने के साथ गुलदार पर पत्थर फेंकने लगीं। जिसके बाद गुलदार जंगल की ओर भाग गया। हमले में प्रताप की जान तो बच गई, लेकिन उनके सिर, पीठ और हाथ-पैरों में गंभीर घाव हो गए हैं। गांव के प्रधान संतोष पंत ने इसकी सूचना वन विभाग को दी। एंबुलेंस न मिलने पर ग्रामीणों ने घायल को निजी वाहन से अस्पताल पहुंचाया। डॉक्टरों के मुताबिक बुजुर्ग की हालत खतरे से बाहर है। वहीं दिन दहाड़े गुलदार के हमले की घटना से गांव में दहशत है। गांव वालों ने वन विभाग से पिंजरा लगाकर गुलदार को पकड़ने की मांग की।