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Hidden Gem Treks of Kedar Himalaya You Must Explore Once in Life
Peaceful and untouched trekking routes away from the crowds. Hidden trails where nature still remains raw and pure.
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हरिद्वार: ये बात आप सभी जानते हैं कि हरिद्वार में इससे अलग कांवड़ यात्रा प्रतिबंधित की गई है। बॉर्डर पर पुलिस की सख्ती जारी है। इसके बाद भी कावड़िए मान नहीं रहे हैं। बीते 7 दिनों में पुलिस ने 15391 कांवड़ियों को बॉर्डर से लौटाया है। इसके अलावा अब तक अलग-अलग थानों में 52 लोगों को आरोपी बनाया गया है। आपको बता दें कि कोरोनावायरस संक्रमण की तीसरी लहर का डर पूरे विश्व पर मंडरा रहा है। इस वजह से कांवड़ यात्रा प्रतिबंधित की गई है। कांवड़ियों को हरिद्वार आने से रोकने के लिए कुल मिलाकर 10 स्थानों पर चेकिंग हो रही है। 25 जुलाई से 1 अगस्त तक पुलिस ने बॉर्डर से 15391 कांवड़ियों को वापस भेजा है। हरिद्वार के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सेंथिल अवूदई कृष्णराज के मुताबिक श्यामपुर से चिड़ियापुर बॉर्डर से 1 अगस्त की रात तक 581 कांवड़ियों के साथ 130 वाहनों को वापस भेजा गया। मंगलौर के नारसन बॉर्डर से 11139 कांवड़ियों और 1901 वाहनों को लौटाया गया। उधर भगवानपुर के मंडावर बॉर्डर से 1398 कांवड़ियों और 298 वाहनों को वापस भेजा गया। खानपुर के पुरकाजी से 216 कांवड़ियों और 54 वाहनों को वापस लौटाया गया। बालावाली से 32 कावड़ियों और चार वाहनों को वापस लौटाया गया। काली नदी बॉर्डर से 1436 कांवड़ियों और 141 वाहनों को वापस लौटाया गया। गोकुलपुर बॉर्डर से 100 कांवड़ियों को वापस लौटाया गया। बीरपुर से 34 कांवड़ियों और दो वाहनों को वापस लौटाया गया। गंगाजल लेकर जाने वाले 15 कांवड़ियों को क्वारंटाइन किया गया। इसके अलावा 54 कांवड़ियों पर कार्रवाई की गई। इन 7 दिनों में पुलिस ने 127100 का जुर्माना वसूला है।
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