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ये ट्रेक्स गूगल मैप पर भी नहीं मिलेंगे! केदार हिमालय के छुपे हुए रास्ते
प्रकृति से जुड़ने और आत्मिक शांति पाने का अवसर। केदार हिमालय की वो यात्राएं जो ज़िंदगी भर याद रहती हैं।
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हरिद्वार: अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत नरेंद्र गिरि के शिष्य आनंद गिरि एक बार फिर से विवादों से घिर चुके हैं। विवादों से आनंद गिरि का बहुत पुराना नाता रहा है मगर इस बार वजह जानकर आप भी चौंक उठेंगे। बीते सोमवार को अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत नरेंद्र गिरी ने संदिग्ध परिस्थितियों में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। उनका शव अल्लापुर में स्थित उनके आवास में मिला। आत्महत्या करने के बाद वहां पर हड़कंप मच गया और पुलिस सूचना मिलते ही आनन-फानन में उनके आवास में पहुंची जहां पर पुलिस को एक सुसाइड नोट बरामद हुआ। 12 पन्नों का सुसाइड नोट बहुत कुछ बयां करता है। आत्महत्या करने से पहले अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत नरेंद्र गिरि ने सुसाइड नोट में लिखा कि उनके शिष्य आनंद गिरि उनको आए दिन परेशान करते रहते थे। उन्होंने आनंद गिरि के ऊपर मानसिक उत्पीड़न का भी आरोप लगाया है। सच क्या है यह कोई नहीं जानता। मगर उनके शिष्य आनंद गिरि ने कहा है कि यह आत्महत्या नहीं बल्कि हत्या है। उन्होंने कहा कि उनके गुरु जी कभी भी आत्महत्या नहीं कर सकते। पुलिस ने हरिद्वार से आनंद गिरी को गिरफ्तार कर लिया है।